देश में कोविड-19 महामारी के बीच हाल के दिनों में म्यूकोरमाइकोसिस (जिसे ब्लैक फंगस के नाम से भी जाना जाता है) के मामलों में भी तेजी से बढ़ोतरी देखी जा रही है। इस फंगल संक्रमण ने तेजी से करीब 10 हजार लोगों को अपनी चपेट में ले लिया है। कैंसर के समान घातक इस संक्रमण को लेकर डॉक्टर, लोगों से विशेष सावधानी बरतने की अपील कर रहे हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक कोविड संक्रमण से रिकवरी के बाद या कुछ लोगों को संक्रमण के दौरान भी यह संक्रमण हो सकता है। म्यूकोरमाइकोसिस के कारण होने वाली मृत्यु दर 50 से 60 फीसदी तक हो सकती है, यानी इस संक्रमण को लेकर थोड़ी सी भी लापरवाही जानलेवा हो सकती है। लक्षणों की समय पर पहचान करके इसके इलाज की व्यवस्था करनी चाहिए।
सलाह: कोविड रिकवरी के बाद करें यह उपाय, म्यूकोरमाइकोसिस से बचाव में है बेहद कारगर
क्या सभी लोगों को है ब्लैक फंगस संक्रमण का खतरा
Mucor can spread through air. It won’t cause any problem if person is healthy. Mucor may enter into lungs but the chances are very low. Our body is capable to fight it if the immunity is strong: Dr. Nikhil Tandon, Prof & Head, Dept of Endocrinology & Metabolism, AIIMS, New Delhi pic.twitter.com/n59bdGFzF9
एम्स, नई दिल्ली में एंडोक्रिनोलॉजी एंड मेटाबॉलिज्म विभाग के प्रमुख डॉ निखिल टंडन बताते हैं कि सभी लोगों को म्यूकोरमाइकोसिस से डरने की कोई जरूरत नहीं है। यह सिर्फ उन लोगों को प्रभावित करता है जिनकी प्रतिरक्षा प्रणाली कमजोर होती है। म्यूकर फेफड़ों में प्रवेश कर सकता है लेकिन इसकी संभावना बहुत कम होती है। यदि व्यक्ति स्वस्थ है तो उसे घबराने की कोई जरूरत नहीं है, मजबूत इम्यूनिटी हमारे शरीर को इससे लड़ने में सक्षम बनाती है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक कोविड-19 के संदिग्ध, पुष्टि या संक्रमण से ठीक हो चुके लोगों में ब्लैक फंगस के मामले देखने को मिल रहे हैं। इसकी तुरंत पहचान कर उपचार कराने की जरूरत होती है। सभी लोगों को इन लक्षणों पर विशेष ध्यान देना चाहिए।
- नाक, आंख या मुंह से काला रिसाव।
- नाक बंद होना।
- नाक के आसपास गाल की हड्डियों में दर्द।
- दांतों में दर्द और दांतों का हिलना।
- बुखार।
- शरीर का नीला पड़ना।
- सीने में दर्द, सांस लेने में तकलीफ होना।
- खून की उल्टी, मुंह से बदबू आना।
यह उपाय हो सकते हैं फायदेमंद
कोविड के जो रोगी ठीक होकर घर पर आ गए हैं उन्हें म्यूकोरमाइकोसिस से बचाव के लिए विशेष सावधानियां बरतने की जरूरत है। ऐसे लोगों को अस्पताल से छुट्टी के बाद घर पर ही 4 से 6 सप्ताह तक नमक पानी के गरारे करने के साथ नाक को साफ करते रहना चाहिए। इसके अलावा ठीक होने के बाद इम्यूनिटी बढ़ाने के उपाय जैसे- पौष्टिक आहार, रोजाना सुबह की धूप में बैठना, विटामिन सी और डी का सेवन करना चाहिए।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार यह संक्रमण डायबिटीज के रोगियों को ज्यादा नुकसान पहुंचा सकता है। जिन लोगों को श्वसन की परेशानी, किडनी की बीमारी, कैंसर या अंगों का प्रत्यारोपण हुआ है उनमें संक्रमण होने का डर अधिक होता है। देश के कई राज्यों में ब्लैक फंगस के नि:शुल्क उपचार की व्यवस्था उपलब्ध कराई गई है।
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नोट: यह मीडिया रिपोर्टस और एम्स नई दिल्ली में एंडोक्रिनोलॉजी एंड मेटाबॉलिज्म विभाग के प्रमुख डॉ निखिल टंडन के सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है।
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