पिछले एक-दो दशकों में देश में जिन बीमारियों के मामले सबसे ज्यादा बढ़ते हुए देखे गए हैं, स्ट्रोक उनमें से एक है। ब्रेन स्ट्रोक एक जानलेवा स्थिति हो सकती है, आंकड़ों के मुताबिक हर 20 सेकंड में एक व्यक्ति को ब्रेन स्ट्रोक होता है। जीवनशैली में गड़बड़ी के कारण यह संख्या लगातार बढ़ती ही जा रही है। भारत में हर साल 1.54 मिलियन (15.4 लाख) से अधिक लोग स्ट्रोक से प्रभावित होते हैं, चिंताजनक यह है कि इनमें से 90 प्रतिशत स्ट्रोक के मरीज समय पर अस्पताल नहीं पहुंच पाते हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक यदि जीवनशैली में सुधार कर लिया जाए तो स्ट्रोक के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
अध्ययन में दावा: आपकी यह आदत स्ट्रोक के खतरे को 40 फीसदी तक बढ़ा सकती है, तुरंत बना लें इससे दूरी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शराब बन सकती है स्ट्रोक का कारण
द लैंसेट जर्नल में प्रकाशित एक अध्ययन के अनुसार, शराब के सेवन की आदत स्ट्रोक के जोखिम को बढ़ा सकती है। शराब का सेवन रक्तचाप को बढ़ाता है जिससे स्ट्रोक का खतरा भी बढ़ जाता है। इस अध्ययन के लिए यूके और चीन के शोधकर्ताओं ने 10 साल तक 5 लाख लोगों पर अध्ययन किया। अध्ययनकर्ताओं ने पाया कि शराब का नियमित रूप से मध्यम सेवन भी सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है।
अध्ययन से क्या पता चला?
कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय के विशेषज्ञों के अनुसार एक दिन में आधी बोतल शराब पीने से भी स्ट्रोक का खतरा 38 प्रतिशत बढ़ जाता है। वर्तमान में, ब्रिटेन में 16 प्रतिशत पुरुष और 20 प्रतिशत महिला आबादी में स्ट्रोक का खतरा पाया गया है। हालिया अध्ययन में वैज्ञानिकों ने पाया कि एक दिन में एक या दो ड्रिंक के कारण भी स्ट्रोक के जोखिम को 10 से 15 प्रतिशत तक बढ़ जाता हैं। वहीं चार से अधिक ड्रिंक स्ट्रोक का जोखिम को 40 फीसदी तक बढ़ा सकती है।
नुकसानदायक है शराब
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक सिर्फ स्ट्रोक ही नहीं, शराब पीना शरीर के लिए कई अन्य तरह से भी नुकसानदायक हो सकता है। ज्यादा शराब पीने के कारण इस तरह की समस्याओं का खतरा भी बढ़ जाता है।
- मोटापा
- लिवर से संबंधित बीमारियां।
- हाई ब्लड प्रेशर।
- दिल के धड़कनों में अनियमित
- डायबिटीज।
क्या कहते हैं अध्ययनकर्ता?
अध्ययनकर्ता कहते हैं, शराब की कम से कम मात्रा भी सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकती है। ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय के एक प्रोफेसर के अनुसार, युवाओं में बढ़ती शराब की लत के कारण गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा भी बढ़ता जा रहा है। यदि कम उम्र से ही इस दिशा में काम किया जाए तो स्ट्रोक जैसी जानलेवा समस्या के खतरे से खुद को सुरक्षित रखा जा सकता है।
----------------
स्रोत और संदर्भ
Alcohol and stroke: pathophysiologic mechanisms
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।