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मैरी कॉम ने लिखा बेटों को खत, 'तुम्हारी मां के साथ हुई छेड़छाड़'

Tue, 04 Oct 2016 01:55 PM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, नई दिल्ली
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Tue, 04 Oct 2016 01:55 PM IST
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Your mother was molested: Boxer Mary Kom’s open letter to her sons
- फोटो : Getty

पांच बार की ‍विश्व मुक्केबाजी प्रतियोगिता की विजेता, 2012 के लंदन ओलम्पिक मे काँस्य पदक,  2010 के ऐशियाई खेलों में काँस्य और 2014 के एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली मैरी कॉम ने अपने तीनों बेटों के नाम एक बड़ा ही मार्मिक खत लिखा है। औरतों के प्रति सम्मान को लेकर लिखे गए खत में मैरी कॉम ने खुद के साथ हई हिंसा के बारे में भी लिखा है। मैरी कॉम ने लिखा है कि उन पर भी हमला हुआ है। पहले मणिपुर और फिर दिल्ली व हरियाणा के हिस्सार में। खत में मैरी कॉम ने बड़े बिस्तार से अपने बेटों के समझाने की कोशिश की है कि महिलाओं को किस नजरिए से देखना चाहिए। 

Your mother was molested: Boxer Mary Kom’s open letter to her sons
- फोटो : getty

एक बार का जिक्र करते हुए मैरी कॉम ने लिखा है कि, " सुबह 8 जबकर 30 मिनट पर मैं रिक्शा से अपने ट्रेनिंग कैंप जा रही थी कि तभी एक अजनबी अचानक मेरे ऊपर कूद पड़ा और छेड़छाड़ करने लगा। मुझे बहुत गुस्सा आया। मैं रिक्शे से कूदी और उसका पीछा किया लेकिन वो भागने में कामयाब रहा। तब मैं 17 साल की थी और अब 33 साल की हूं। मैंने देश को बहुत सम्मान दिलाया, लोग एक मेडलिस्ट के तौर पर मेरी प्रशंसा करते हैं। लेकिन, मैं चाहती हूं कि एक औरत के तौर पर भी मेरा उतना ही सम्मान हो।"

Your mother was molested: Boxer Mary Kom’s open letter to her sons
- फोटो : getty

मैर कॉम ने अपने बेटों को खत में संबोधित करते हुए लिखा, "प्रिय बेटों याद रखना, तुम्हारी तरह ही हमारे भी दो आंखे और नाक है। हमारे शरीर के कुछ पार्ट्स भिन्न हैं और यही एक कारण है जो हमें तुमसे अलग बनाता है। हम भी हमारे दिमाग का इस्तेमाल सोचन के लिए करते हैं जैसे कि पुरुष करते हैं। हम भी अपने दिल से महसूस करते हैं जैसे आप करते हो। हम यह डिजर्व नहीं करते कि कोई हमारे ब्रेस्ट को छुए या बम्स को थपथपाए।"

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Your mother was molested: Boxer Mary Kom’s open letter to her sons
- फोटो : getty

मैरी कॉम ने लिखा, "दुनिया जितनी पुरुषों से है उतनी महिलाओं से भी है। मेरी समझ में कभी नहीं आया कि पुरुषों को बिना हमारी मर्जी के हमें छूने से क्या आनंद मिलता है।" मैरी कॉम ने अपने बेटों को महिलाओं के प्रति जागरुक करने के लिए यह खत लिखा है। वो चाहती हैं कि जब उनके बेटे बड़े हों तो उन्हें पता होना चाहिए कि महिलाओं को छेड़ना, रेप करना अपराध है जिसके लिए कड़ाई से दंड मिलना चाहिए। 

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Your mother was molested: Boxer Mary Kom’s open letter to her sons
- फोटो : getty

मैरी कॉम ने अभी हाल ही में दिल्ली में हुई एक लड़की की हत्या का जिक्र करते हुए लिखा है, "भारत की राजधानी में एक जवान लड़की को कई बार चाकू मारा-मार कर हत्या कर दी गई, वहाँ कई लोग मौजूद थे लेकिन, कोई उसकी मदद के लिए आगे नहीं आया।" खत में अपने बेटों के लिए लिखा है कि, तुम्हें बहुत से शब्द सुनने को मिल सकते हैं जैसे लोग तुम्हारे पापा को 'घर जमाई' कहेंगे, तुम्हारी मां को 'चिंकी' कहकर बुला सकते हैं। लेकिन तुम पर इसका कोई फर्क नहीं पड़ना चाहिए।"

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