लोकसभा चुनाव 2019 के दौरान कई सितारों ने राजनीति का दामन थामा। किसी ने भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ा तो कोई कांग्रेस का हाथ पकड़ते हुए दिखा। इन सितारों में सनी देओल से लेकर टीएमसी के टिकट पर चुनाव लड़ने वाली नुसरत जहां का नाम भी शामिल है। नुसरत एक बंगाली एक्ट्रेस हैं जो चुनाव के बाद भी शादी करने को लेकर सुर्खियों में रही। खास बात यह है कि चुनाव के बाद भी सितारों का उत्साह राजनीति की तरफ ठीक वैसा ही है जैसा कि चुनाव के पहले था। जानिए चुनाव के बाद कौन से 13 सितारे राजनीति से जुड़े।
2 of 5
दिल्ली में आयोजित भाजपा के सदस्यता अभियान कार्यक्रम के दौरान तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
सपना चौधरी लोकसभा चुनाव के बाद भाजपा में शामिल हुईं। सपना ने भाजपा नेताओं की मौजूदगी में पार्टी की सदस्यता ली। इस मौके पर मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, मनोज तिवारी (Manoj Tiwari) और हर्षवर्धन सिंह जैसे कई बड़े नेता मौजूद थे। खास बात है कि भाजपा कई राज्यों में पार्टी की सदस्यता अभियान चला रही है। लोकसभा चुनाव के दौरान भी सपना के भाजपा में शामिल होने की अफवाहें आई थीं। सपना ने उस वक्त पार्टी तो ज्वाइन नहीं की थी लेकिन भाजपा के कई प्रत्याशियों के लिए चुनाव प्रचार जरूर किया था जिसका पार्टी को फायदा भी मिला।
3 of 5
bjp
- फोटो : social media
सपना चौधरी के अलावा 18 जुलाई को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष की उपस्थिति में पर्णो मित्रा सहित 12 कलाकार पार्टी में शामिल हो गए। इस अवसर पर भाजपा के वरिष्ठ नेता मुकुल रॉय, राकेश सिन्हा, दिलीप घोष और संबित पात्रा भी मौजूद थे।
4 of 5
bjp
- फोटो : social media
जिन कलाकारों ने भाजपा का दामन थामा है उनमें ऋषि कौशिक, कंचना मोइत्रा, रूपांजना मित्रा, रूपा भट्टाचार्जी, मोमिता चटर्जी प्रमुख रूप से शामिल हैं। घोष ने राज्य की सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस पर आरोप लगाया कि भाजपा में शामिल होने वालों को परेशान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पार्टी में शामिल होने के इच्छुक लोगों के लिए यह जोखिम भरा है।
5 of 5
bjp
- फोटो : social media
यही कारण है कि भाजपा ने राज्य के बाहर इस समारोह का आयोजन किया। उन्होंने कहा कि इन कलाकारों के साहस पर हम सभी को गर्व करना चाहिए। दिलीप घोष ने 12 कलाकारों का पार्टी की ओर से स्वागत करते हुए कहा कि राज्य में लोग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और विकास कार्यों की प्रशंसा कर रहे हैं। भाजपा राज्य में तृणमूल कांग्रेस से सत्ता हासिल करने के लिए प्रयासरत है और वह राज्य में ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पार्टी की मुख्य प्रतिद्वंद्वी के रूप में उभरी है। हाल ही में हुए आम चुनाव में पश्चिम बंगाल में पार्टी ने लोकसभा की 42 सीटों में से 18 सीटों पर जीत दर्ज की।