ये हीरो अपने आप को बॉलीवुड में अभी तक एक स्टार के रूप में भले ही स्थापित न कर पाएं हों लेकिन फिल्म दर फिल्म अपने बेहतरीन अभिनय से उन्होंने अपनी छाप छोड़ी है और एक बेहतरीन अभिनेता के रूप में अपनी पहचान बना ली है। जी हां हम बात कर रहे हैं एक्टर रणदीप हुड्डा की। आज वो 40 साल के हो गए हैं।
अभिनय के 'सरताज' बन गए रणदीप, बॉलीवुड में आने से पहले चलाते थे टैक्सी
रणदीप हुड्डा हरियाणा के रहने वाले हैं। उनके पिता डॉक्टर हैं और मां सामाजिक कार्यकर्ता हैं। पारिवारिक स्थिति अच्छी होने की वजह से रणदीप को कभी पैसों को लेकर समस्या नहीं हुई लेकिन कॉलेज की पढ़ाई के लिए ऑस्ट्रेलिया के मेलबॉर्न गए रणदीप ने वहां अपनी पॉकेटमनी के लिए दो साल तक टैक्सी चलाई। इसके अलावा वहां उन्होंने एक रेस्तरां में और एक कार धुलाई करने वाली दुकान में भी काम किया था।
अभिनय के 'सरताज' बन गए रणदीप, बॉलीवुड में आने से पहले चलाते थे टैक्सी
रणदीप की शुरुआती पढ़ाई हरियाणा में हुई थी। उन्होंने स्विमिंग और घुड़सवारी भी सीखी है जिसमें उन्होंने कई राष्ट्रीय पुरस्कार भी जीते हैं। इस दौरान उनका थियेटर की तरफ रुझान बढ़ा और वह स्कूल में होने वाले नाटकों में हिस्सा लेने लगे।
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रणदीप के पिता और बड़ी बहन अंजलि डॉक्टर हैं इसलिए उनका परिवार चाहता था कि वो भी डॉक्टर बनें लेकिन उन्होंने मार्केटिंग में ग्रेजुएशन और फिर एमबीए किया। भारत लौटने के बाद कुछ समय तक उन्होंने एक एयरलाइन कंपनी में भी काम किया था।
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काम के साथ ही वह मॉडलिंग करने लगे और दिल्ली के एक थियेटर ग्रुप से भी जुड़ गए। एक नाटक के रिहर्सल के दौरान फिल्म निर्देशक मीरा नायर की नजर उन पर पड़ी और फिल्म 'मॉनसून वेडिंग' में उन्हें काम मिल गया।