गुजरे जमाने की अभिनेत्री निम्मी की आज जन्मतिथि है। उनका जन्म 18 फरवरी, 1933 को आगरा में हुआ था। निम्मी एक मुस्लिम परिवार से ताल्लुक रखती है, लेकिन फिल्मों के लिए उन्होंने अपना नवाब बानू से निम्मी रखा था। निम्मी ने अपने जमाने की आन, उड़न खटोला, मेरे मेहबूब जैसी कई फिल्मों में यादगार किरदार निभाई थे। उन्हें अपने दौर की बेहतरीन एक्ट्रेस के तौर पर शुमार किया जाता था।
अपने दौर की स्टार एक्ट्रेस थीं निम्मी, शादी के बाद ग्लैमर इंडस्ट्री को कह दिया था अलविदा
निम्मी ने 16 साल फिल्मों में काम किया। साल 1949 से लेकर 1965 तक वे फिल्मों में सक्रिय रहीं। एक दिन काम करते वक्त निम्मी की मुलाकात लेखक अली रजा से हुई। संवाद की रिहर्सल में अली रजा ने निम्मी की मदद की। बाद में अली रजा ने ही उनमें शायरी का शौक पैदा किया। बाद में यह दोस्ती, प्यार में बदल गई और दोनों ने सादी कर ली। शादी के बाद उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री को अलविदा कह दिया।
निम्मी बॉलीवुड में 60 के दशक में भी बोल्ड सीन देने से नहीं कतराईं। निम्मी उस वक्त फिल्मों में राज कर रहीं थीं। राज कपूर के जरिए उन्हें अच्छा डेब्यू मिल गया था जिसके बाद वो रातोंरात स्टार बन गईं । देखते ही देखते 50 और 60 के दशक में निम्मी का स्टारडम अपने चरम पर पहुंच गया।
उस वक्त निम्मी खूब डिमांड में थीं और दिलीप कुमार से लेकर राज कपूर, अशोक कुमार, धर्मेंद्र जैसे कई बड़े एक्टर उनके साथ काम करने के लिए आगे-पीछे रहते। खुद राज कपूर तो उनको अपनी एक फिल्म में लेने के लिए अड़ ही गए थे। लेकिन निम्मी की एक गलती ने उनके पूरे करियर को ढेर कर दिया।
साल 1963 की, जब उन्होंने फिल्म 'महबूब' में लीड हीरोइन के रोल को रिजेक्ट कर दिया। इस फिल्म में निर्देशक हरनाम सिंह रवैल निम्मी को लीड हीरोइन और बीना राय को राजेंद्र कुमार की बहन के रोल के लिए लेना चाहते थे, लेकिन निम्मी को लगा कि हीरोइन के किरदार से ज्यादा बहन का किरदार जरूरी है और ये सोचकर निम्मी ने लीड किरदार करने से मना कर दिया। इस फिल्म में बहन का किरदार निभाने का खामियाजा निम्मी को अपनी अगली फिल्मों में भुगतना पड़ा। इस एक किरदार ने तो जैसे उनका करियर ही खत्म कर दिया। इसी एक गलती का नतीजा था कि किसी भी निर्माता या निर्देशक ने निम्मी को वो रोल नहीं दिए जो वो चाहतीं थीं। 1993 में दिए एक इंटरव्यू में निम्मी ने कहा भी था कि वो बढ़िया रोल कर सकतीं थीं लेकिन उन्हें किसी ने भी अच्छे रोल दिए नहीं और आज भी उनमें वो तमन्ना बाकी है।