इस्लामिक इस्टेट ऑफ ईराक एंड सीरिया (आईएसआईएस) समेत दुनिया के अन्य आतंकी संगठनों ने विश्व सांस्कृतिक धरोहरों को अपनी कमाई का जरिया बनाया है।
ISIS आतंकियों की हरकत ने उड़ाई यूनेस्को की नींद, दुनिया में अलर्ट जारी
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आतंकी धरोहरों में रखे पुरातात्विक महत्व के सामानों की तस्करी से कमाई कर रहे हैं। चीन इन धरोहर तस्करों का गढ़ बन गया है।
यूनेस्को डिवीजन फॉर हेरिटेज ने पूरी दुनिया में अलर्ट जारी किया है। एशियाई देशों की सरकारों से सरहद पर चौकन्ना रहने की अपील की गई है।
आईएसआईएस बड़े पैमाने पर इराक, सीरिया और खाड़ी देशों के विश्व धरोहरों को नष्ट करके पुरातात्विक महत्व के सामानों की दुनिया के देशों में तस्करी कर रहा है।
धरोहर तस्करों की गिरफ्त में साउथ अफ्रीका समेत आसपास के देश आ गए हैं। इसके साथ ही एशियाई देशों में इन तस्करों की गिरफ्त मजबूत हो रही है। माना जा रहा है कि सालाना 50 मिलियन डॉलर की धरोहर तस्करी हो रही है। यूनेस्को इसके आंकड़े जुटाने में लगा है।