रुड़की में जहां ऋषभ पंत की कार का एक्सीडेंट हुआ है वो पहले से ही ब्लैक स्पॉट चिन्हित है। रजवाहे के पास न केवल सड़क की बजरी उखड़ने के कारण हल्के गड्ढे हैं बल्कि रजवाहे के किनारे मिट्टी का ढेर भी है।
Roorkee: जहां हुआ ऋषभ पंत की कार का एक्सीडेंट वहां चिन्हित हैं 'ब्लैक स्पॉट', पहले भी हो चुके कई हादसे
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किसानों का कहना था कि जिस स्थान पर दुर्घटना हुई है वहां कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। पूर्व में किसानों के हंगामे के बाद प्रशासन ने उन्हें आश्वासन दिया था कि अक्तूबर तक सभी काम पूरा करा लिया जाएगा लेकिन आज तक कुछ नहीं हुआ।
जब डीजीएम ने किसानों को जल्द काम कराने का आश्वासन दिया तो किसान नहीं माने और कहने लगे कि हर बार आश्वासन देकर लौट जाते हैं। इस दौरान भारतीय किसान यूनियन टिकैत के गड़वाल मंडल महामंत्री अरविंद राठी, संजय, कुलदीप, पुष्पेंद्र आदि मौजूद रहे।
ऋषभ की कार जहां दुर्घटनाग्रस्त हुई वहां पहले भी हो चुके हैं हादसे
- 28 मार्च 2019 - बस और ट्रैक्टर ट्राली टकराई थी, कई यात्री घायल हुए थे।
- 15 नवंबर 2020 - अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार दंपती और बच्चा घायल हुए।
- 9 फरवरी 2021 - कार मिट्टी के ढेर से टकराई थी, गाजियाबाद निवासी पांच लोग घायल हुए थे।
- 1 अप्रैल 2021 - कार और ट्रक की टक्कर हुई थी, तीन लोग घायल हुए थे, कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुई थी।
- 19 दिसंबर 2021 - दो बाइकें टकराई थीं, शकरपुर और बूड़पुर के दो लोग गंभीर घायल हुए थे ।
- 12 दिसंबर 2021 - एक अखाड़े की महामंडलेश्वर की कार मिट्टी के टीले के पास ट्रक से टकराई थी। इसमें कार चालक और सुरक्षाकर्मी घायल हो गए थे।
वर्ष 2022 में 60 लोगाें ने गंवाई जान
दिल्ली-हरिद्वार हाईवे पर नारसन से मंगलौर और मंगलौर बाईपास पर सालभर में सड़क दुर्घटनाओं से संबंधित 47 मुकदमे दर्ज किए गए हैं। इन सड़क दुर्घटनाओं में करीब 60 लोगों की मृत्यु हुई है। सबसे अधिक मौतें कांवड़ यात्रा के दौरान हुईं। उस दौरान करीब 25 लोगों ने जान गंवाई। इनमें भी सबसे अधिक सड़क दुर्घटनाएं नारसन क्षेत्र में हुई हैं।