भवाली से नौ किमी दूर कैंची धाम मंदिर में आज बाबा नीम करौली महाराज के प्रति श्रृद्धा, विश्वास और आर्शीवाद के साथ मालपुओं का प्रसाद लेने डेढ़ लाख से अधिक श्रृद्धालु बाबा के जयकारों के साथ पहुंचे। सुबह चार बजे से शाम सात बजे तक डेढ़ लाख से अधिक श्रृद्धालु कैंची धाम पहुंचे। कैंची मंदिर तक पहुंचने के लिए श्रृद्धालुओं को चार किमी लंबी कतार में लगना पड़ा।
बाबा की जयकारों के साथ डेढ़ लाख से अधिक श्रृद्धालु पहुंचे कैंची धाम, लग गई चार किमी. लंबी लाइन
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श्रृद्धालुओं के लिए मंदिर का मुख्य द्वार खोलने से पूर्व मंदिर समिति के सदस्यों द्वारा शंख-घंटी और ढोल-नगाड़ों के साथ मंदिर में मालपुओं का भोग लगाया गया। इसके बाद सुबह सात बजे से श्रृद्धालुओं का प्रवेश शुरु हुआ जो रात तक जारी रहा। नैनीताल लोकसभा सीट से भाजपा सांसद अजय भट्ट ने भी कतार में लग कर बाबा के दर्शन किए।
कैंची धाम मंदिर में शनिवार की दोपहर 12 बजे तक 50 हजार श्रृद्धालु दर्शन कर वापस लौट गए थे। जबकि दोपहर तीन बजे तक भीड़ का सिलसिला बढ़ता गया। मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारियों, एलआईयू और पुलिस के मुताबिक तीन बजे तक 90 हजार श्रृद्धालु धाम पहुंच चुके थे। दोपहर बाद भी अल्मोड़ा-भवाली मार्ग तक चार किमी लंबी कतार श्रृद्धालुओं की लगी रही। देर शाम तक डेढ़ लाख श्रृद्धालुओं ने बाबा के दर्शन के साथ मालपुओं का प्रसाद ग्रहण कर लिया था।
बाबा नीम करौली महाराज की शक्ति आज भी कैंची धाम में विराजमान है। इसका उदाहरण शनिवार को कैंची मेले में पहुंचे डेढ़ लाख श्रृद्धालुओं की व्यवस्थित भीड़ को देखकर लगाया जा सकता था। मंदिर परिसर में चार किलोमीटर तक लगी लाखों श्रृद्धालुओं की भीड़ बाबा के जयकारों के साथ बिना किसी समस्या के व्यवस्थित होकर बाबा के धाम पहुंची। श्रृद्धालु बिना किसी परेशानी के अपने घरों को वापस लौटे।
मंदिर परिसर के अंदर जाने वाले सवा लाख श्रृद्धालुओं के जूते-चप्पलों की व्यवस्था के लिए 50 मीटर पहले पंडाल लगाए गए थे। जहां श्रृद्धालु अपने जूते चप्पल खोल मंदिर परिसर में पहुंचे। बाबा नीम करौली महाराज के दर्शन के लिए पहुंचे श्रृद्धालुओं की भीड़ से हल्द्वानी से कैंची धाम मंदिर तक जाम लगते रहा। श्रृद्धालुओं के हजारों वाहनों से लगे जाम से पुलिस प्रशासन के हाथ पांव फूल गए, लेकिन बाबा की शक्ति के बदौलत जाम खुलते रहा और श्रृद्धालु मंदिर पहुंचते रहे।