गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में जगह बनाने के लिए मंगलवार को पहले राउंड के तहत वीरभद्र आसन हुआ। इसमें 1200 योग साधकों में से 897 ने 3 मिनट 30 सेकेंड तक यौगिक क्रिया करने में सफलता हासिल की। इससे पूर्व वीरभद्र आसन को 369 लोगों ने 3 मिनट में पूरा कर गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड बनाया है।
गढ़वाल मंडल विकास निगम और उत्तराखंड पर्यटन परिषद की ओर से गढ़वाल मंडल विकास निगम के गंगा रिसोर्ट में आयोजित अंतरराष्ट्रीय योग महोत्सव के पांचवें दिन योग साधकों को योग, आसन, प्राणायाम की जानकारी दी। महोत्सव में 70 देशों के योग साधक प्रतिभाग कर रहे हैं।
निगम की प्रबंध निदेशिका ज्योति नीरज खैरवाल ने मौके पर व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए आयोजन समिति को सभी कमियां पूर्ण करने के निर्देश दिए। प्रतियोगिता का निर्णायक नरेंद्र चौहान को बनाया गया है। इस मौके पर महाप्रबंधक बीएल राणा, डॉ. लक्ष्मीनारायण जोशी, विपुल रतूड़ी, कृष्ण उप्रेती, राजेंद्र ढोंडियाल, कैलाश कोठारी, मेहरबान रांगड़, आशुतोष नेगी आदि मौजूद थे।
राजकपोत आसन के दूसरे राउंड में 1 मिनट के बजाय 1 मिनट 30 सेकेंड करने का लक्ष्य रखा गया। इसे सभी 897 प्रतिभागियों ने सफलतापूर्वक पूरा किया। राजकपोत आसन को साधने में पूर्व में 285 लोगों का वर्ल्ड रिकार्ड रहा है। सेतुबंध आसन के दूसरे राउंड में 897 योग साधकों ने शामिल होकर सफलतापूर्वक पूरा किया। पूर्व में यह रिकार्ड 2000 लोगों का रहा है।
डॉ. अर्पिता नेगी ने योग कक्षा में महिलाओं के अंदर आ रहे विकार संबंधी जानकारी और उसके निदान के लिए योग, प्राणायाम, आसन से रूबरू करवाया। उन्होंने कहा कि आप नाड़ी शुद्ध कर किसी भी समस्या से निजात पा सकते हैं।