बदरीनाथ धाम का छत्र 600 साल बाद बदलने जा रहा है। छत्र मुंबई में तैयार कराया जा रहा है, जो अंतिम चरण में है। लुधियाना के मुक्त परिवार को बद्रीनाथ धाम के छत्र की सेवा का मौका मिला है। मुक्त परिवार के ज्ञानेश्वर सूद ने बताया कि वह पहली बार 1989 में श्री बदरीनाथ धाम गए थे। वह बद्री केदार मंदिर समिति के एडवाइजर भी हैं।
{"_id":"5ac6e2244f1c1bce618b5a69","slug":"badrinath-dham-chatra-change-after-600-years","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"600 वर्ष बाद बदलेगा बदरीनाथ धाम का छत्र, इस परिवार को मिलेगा छत्र सेवा का सौभाग्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
600 वर्ष बाद बदलेगा बदरीनाथ धाम का छत्र, इस परिवार को मिलेगा छत्र सेवा का सौभाग्य
विकास मल्होत्रा, अमर उजाला, लुधियाना
Updated Sat, 14 Apr 2018 12:26 PM IST
विज्ञापन
Snowfall in badrinath
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
badrinath
बदरीनाथ धाम में नौ मई को हीरा और रत्नों से जड़ित स्वर्ण छत्र बदरीनाथ गर्भगृह में स्थापित किया जाएगा। वर्तमान में बदरीनाथ गर्भगृह में वर्षों पुराना सोने का छत्र मौजूद है। सोने का यह छत्र करीब दो किलोग्राम का है, जिसे मध्य प्रदेश की महारानी अहिल्याबाई होल्कर ने चढ़ाया था।
badrinath
बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के मुख्य कार्याधिकारी बीडी सिंह ने बताया कि विगत वर्ष अक्तूबर में लुधियाना के व्यवसायी ज्ञानेंद्र सूद ने बदरीनाथ धाम में सोने का छत्र चढ़ाने की इच्छा जताई थी। उन्हें छत्र चढ़ाने की अनुमति दे दी गई थी। इस बार करीब तीन सौ तीर्थयात्रियों के जत्थे के साथ आठ मई को छत्र को लुधियाना से बदरीनाथ धाम लाया जाएगा। नौ मई को पूजा-अर्चना और विधि विधान के साथ छत्र को बदरीनाथ गर्भगृह में स्थापित किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
badrinath
ज्ञानेश्वर सूद ने बताया कि श्री बदरीनाथ धाम का छत्र लगभग 600 साल पुराना है। जिसे धाम के कपाट खुलने के 10 दिन बाद 9 मई 2018 को बदला जाएगा। उन्होंने बताया कि उनके दादा गुरु महर्षि मुक्त जी ने 1918 में पहली बार श्री बदरीनाथ धाम की यात्रा की थी। उनकी यात्रा शताब्दी को लेकर ही सद्गुरु देव संत प्रतिमा महाराज के सान्निध्य में महर्षि मुक्त बदरीनाथ यात्रा शताब्दी मनाई जा रही है।
विज्ञापन
badrinath dham
4 किलो सोने और हीरे व रत्नों से बन रहा छत्र
ज्ञानेश्वर सूद ने बताया कि यह छत्र 4 किलो सोने का बना है। साथ ही छत्र हीरे व रत्नों से जड़ित है। इसका डिजाइन उन्होंने खुद तैयार किया है।
ज्ञानेश्वर सूद ने बताया कि यह छत्र 4 किलो सोने का बना है। साथ ही छत्र हीरे व रत्नों से जड़ित है। इसका डिजाइन उन्होंने खुद तैयार किया है।