टीम इंडिया ने बुधवार को विश्व कप के अपने पहले मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका को छह विकेट से हराकर टूर्नामेंट में विजयी आगाज किया है। हालांकि भारतीय बल्लेबाजों को दक्षिण अफ्रीकी गेंदबाजों ने आसानी से रन नहीं बनाने दिए, लेकिन 22 गज की पट्टी पर जमे हिटमैन रोहित शर्मा ने टीम को जीत तक पहुंचा दिया और भारत 228 रन के लक्ष्य को 47.3 ओवर्स में चार विकेट खोकर हासिल कर लिया। यह विश्व कप इतिहास में पहला मौका है जब दक्षिण अफ्रीका टीम लगातार तीन मैच हारी हो।
भारत की जीत के पांच बड़े कारण, विश्व कप इतिहास में पहली बार द. अफ्रीका की हुई ऐसी हालत
जसप्रीत बुमराह ने टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी दक्षिण अफ्रीकी टीम को शुरुआती झटके देकर बैकफूट पर धकेल दिया, दोनों सलामी बल्लेबाजों को पवेलियन का रास्ता दिखाकर बुमराह ने भारत को मैच की शुरुआत में ही मजबूत स्थिति में ला दिया, जिसके बाद से दक्षिण अफ्रीकी टीम मजबूत वापसी करने में सफल नहीं हो पाई। बुमराह ने अपने 10 ओवर में 35 रन देकर दो विकेट चटकाए।
युजवेंद्र चहल और चाइनामैन कुलदीप यादव ने अफ्रीकी बल्लेबाजों को जमकर अपनी फिरकी पर नचाया। इस मैच में चहल और उनके जोड़ीदार चाइनामैन कुलदीप यादव ने एक बार फिर मध्य ओवरों में बल्लेबाजों को रनों के लिए तरसाया और दबाव बनाकर विकेट निकाले। चहल ने चार विकेट अपने नाम किए, कुलदीप को हालांकि एक ही विकेट मिला।
चहल ने रासी वान डर डुसेन को 22 रनों के निजी स्कोर पर बोल्ड किया। कप्तान फाफ डु प्लेसिस (38) भी चहल को पढ़ने में गलती कर बैठे और अपना विकेट गंवा बैठे। चहल ने अपने दस ओनर में 51 रन देकर चार विकेट अपने नाम किया, जबकि कुलदीप को एक विकेट मिला। कुलचा की स्पिन जोड़ी ने दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजों का एक बार फिर से हाजमा खराब कर दिया। चहल ने इस वर्ल्ड कप में अब तक का सबसे बेहतरीन बॉलिंग फिगर दिया है।
इसी मैच के डेथ ओवर्स में दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजों पर नकेल कसने का काम भुवनेश्वर कुमार ने किया। कुमार ने किसी भी बल्लेबाज को आखिरी के ओवर्स में खुलकर बल्ला चलाने का मौका नही दिया, बल्कि दो बल्लेबाजों को पवेलियन का रास्ता दिखाकर दक्षिण अफ्रीका की पारी को जल्द ही समेट दिया। भुवनेश्वर ने पारी की आखिरी गेंद पर इमरान ताहिर (0) का विकेट लिया। भुवनेश्वर ने 10 ओवर में 44 रन देकर दो विकेट झटके।
इस जीत के सबसे बड़े हीरो रहे सलामी बल्लेबाज रोहित शर्मा। रोहित ने भारत के लिए सबसे ज्यादा रन बनाए, उन्होंने 144 गेंदों पर 13 चौके और दो छक्के की मदद से नाबाद 122 रनों की पारी खेली। रोहित ने संयम के साथ बल्लेबाजी की और समय लेते हुए विकेट पर अपने पैर तथा गेंद पर अपनी आंखे अच्छे से जमा लीं जिससे उन्हें बाद में फायदा मिला। रोहित ने पहले 50 रन 70 गेंद में बनाए और अगले 50 रन 57 गेंदों पर बनाए। रोहित के आगे दक्षिण अफ्रीका के गेंदबाज की कोई भी चाल नहीं चल पाई।