कोलकाता में काली माता की पूजा करने के बाद बांग्लादेश के स्टार ऑलराउंडर शाकिब-अल-हसन को मजबूरन माफी मांगनी पड़ी। अपने यूट्यूब चैनल से एक वीडियो पोस्ट कर पूर्व कप्तान ने खेद व्यक्त किया। भ्रष्टाचार के आरोप सिद्ध होने के बाद प्रतिबंध झेल चुके शाकिब बीते हफ्ते कोलकाता पहुंचे थे, जहां बेलीघाट में उन्होंने मां काली की पूजा की थी।
बांग्लादेश लौटने के बाद क्रिकेटर पर मुस्लिमों के अपमान का आरोप लगया गया। कट्टरपंथियों ने जान से मारने तक की धमकी दे डाली। सोशल मीडिया पर भारी विरोध के चलते दबाव में आकर शाकिब को माफी मांगनी पड़ी, उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि ऐसा दोबारा नहीं होगा।
3 of 5
शाकिब अल हसन
- फोटो : सोशल मीडिया
बांग्लादेशी क्रिकेटर ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा, 'मैं फिर से उस जगह (कोलकाता) नहीं जाना चाहूंगा। यदि आपको लगता है कि यह आपके खिलाफ है, तो मैं माफी मांगता हूं। सोशल मीडिया पर कहा जा रहा है कि मैं समारोह में शामिल होने गया था, लेकिन यह झूठ है।मैंने कोई पूजा भी नहीं की। एक जागरुक मुस्लिम होने के नाते मैं ऐसा नहीं करूंगा। अगर मुझसे कोई गलती हुई, तो मैं माफी मांगता हूं।’
शाकिब ने कहा कि पश्चिम बंगाल के एक मंत्री श्री फिरहद हकीम ने मेरे आने से पहले इसका उद्घाटन किया था। वह पूजा कार्यक्रम में उद्घाटन नहीं कर रहे थे, केवल उस कार्यक्रम में भाग लेने गए थे। अगर आप पूजा का निमंत्रण कार्ड देखें, तो आपको पता चल जाएगा।
बांग्लादेश के लिए 2016 एकदिवसीय मैच खेलने वाले इस खिलाड़ी ने 2007 में भारत के खिलाफ टेस्ट डेब्यू किया। मगर उसके एक साल पहले से वन-डे क्रिकेट खेलना शुरू कर चुके हैं। कोलकाता नाइटराइडर्स और सनराइजर्स हैदराबाद जैसी फ्रैंचाइजी के लिए आईपीएल में दम दिखाने वाले शाकिब बैन के चलते 13वां सीजन नहीं खेल पाए।