खबरें थी कि टीम इंडिया के पूर्व कप्तान एमएस धोनी और अनुभवी क्रिकेटर गौतम गंभीर जल्द ही क्रिकेट छोड़ राजनीति में एंट्री करने वाले हैं। दोनों का 2019 लोकसभा चुनाव में भाजपा की टिकट से चुनाव लड़ने की भी बात की जा रही थी, जिसे बाद में महज एक अफवाह कररा दे दिया गया।
वैसे अगर दोनों पॉलिटिक्स में एंट्री करते हैं तो कोई हैरानी भरी बात नहीं क्योंकि इसके पहले भी कई खिलाड़ी राजनीति का दामन थाम चुके हैं। चलिए डालते हैं ऐसे ही कुछ भारतीय खिलाड़ियों पर एक नजर और नई पिच पर उनका वर्क रिपोर्ट...
क्रिकेट छोड़ने के बाद नवजोत सिंह सिद्धू कभी क्रिकेट कमेंटेटर के रूप में नजर आते तो कभी राजनेता का रूप धर लेते। इंटरनेशनल क्रिकेट में 7,000 से ज्यादा रन बनाने वाले सिद्धू ने 2004 में राजनीति में कदम रखा और बीजेपी की टिकट पर लोकसभा चुनाव भी जीता। पंजाब में बीते विधानसभा चुनाव से ठीक पहले सिद्धू ने बीजेपी से इस्तीफा देकर कांग्रेस का दामन थाम लिया था।
'कलाई के जादूगर' के नाम से मशहूर पूर्व भारतीय कप्तान मोहम्मद अजहरूद्दीन ने भी क्रिकेट के बाद राजनीति के मैदान पर कदम रखा। अजहर ने कांग्रेस की टिकट से उप्र के मुरादाबाद से लोकसभा का चुनाव बड़े अंतर से जीता था, हालांकि 2014 आम चुनावों में 'मोदी लहर' के बीच वह भी अपनी सीट बचाने में नाकामयाब रहे।
1969 में भारत के लिए अपना पहला टेस्ट मैच खेलने वाले चेतन चौहान ने भी खेल को अलविदा कहने के बाद राजनीतिक पारी शुरू की। 1981 में अर्जुन पुरस्कार जीतने वाले चेतन ने बीजेपी का दामन थामा और वर्तमान में उप्र सरकार में मंत्री हैं।