टीम इंडिया को मंगलवार को निदाहास ट्रॉफी 2018 के उद्घाटन मुकाबले में श्रीलंका के हाथों 5 विकेट की करारी शिकस्त झेलनी पड़ी। श्रीलंका द्वारा पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित टीम इंडिया ने शिखर धवन (90) की दमदार पारी के सहारे निर्धारित 20 ओवर में 5 विकेट खोकर 174 रन बनाए। जवाब में मेजबान टीम ने कुसल परेरा (66) की तूफानी पारी की मदद से 9 गेंदें शेष रहते 5 विकेट से मैच जीत लिया। टीम इंडिया की इस हार के 5 विलेन रहे। चलिए गौर करते हैं कि कौन है वह:
SLvIND: इन '5 विलेन' के कारण पहले मैच में श्रीलंका से हारी टीम इंडिया
रोहित शर्मा- कप्तान रोहित शर्मा बिना खाता खोले पवेलियन लौट गए। उनके नाम एक शर्मनाक रिकॉर्ड भी दर्ज हुआ। रोहित पिछले पांच सालों में इंटरनेशनल क्रिकेट में सर्वाधिक 12 बार बिना खाता खोले आउट हुए। उन्होंने इस मामले में पुछल्ले बल्लेबाज इशांत शर्मा की बराबरी की। रोहित शर्मा के खराब फॉर्म का असर टीम इंडिया पर स्पष्ट रूप से दिखा। टीम इंडिया की शुरुआत तो खराब रही ही, साथ ही वह 200 के स्कोर तक पहुंचने से बहुत दूर रही। अगर रोहित का बल्ला रन बरसाता तो निश्चित ही मैच का दृश्य अलग होता।
सुरेश रैना- दक्षिण अफ्रीका दौरे में टीम इंडिया में वापसी करने वाले सुरेश रैना से टीम को काफी उम्मीदें थी। मगर 33 वर्षीय रैना बेहद शर्मनाक तरीके से आउट होकर पवेलियन लौट गए। नुवान प्रदीप की फुलटॉस गेंद पर रैना क्लीन बोल्ड हुए। बाएं हाथ के बल्लेबाज ने महज 1 रन बनाया। टीम इंडिया को अपने अनुभवी बल्लेबाज से उम्दा पारी की उम्मीद थी, लेकिन रैना इस पर बिलकुल खरे नहीं उतरे। इसके अलावा गेंदबाजी में भी रैना का प्रदर्शन फीका रहा और उन्होंने दो ओवर में सात की इकॉनमी से 14 रन खर्च किए व कोई विकेट नहीं ले सके।
ऋषभ पंत- युवा बल्लेबाज ने अपने प्रदर्शन से काफी निराश किया। ऋषभ पंत ने 23 गेंदों में एक चौके और एक छक्के की मदद से 23 रन बनाए। वह विस्फोटक बल्लेबाज हैं और इस तरह की बल्लेबाजी उनके स्तर को बिलकुल भी सूट नहीं करती है। इसके अलावा फील्डिंग में भी ऋषभ पूरी तरह फ्लॉप रहे। 20 वर्षीय क्रिकेटर ने दो कैच टपकाए जबकि मैदानी फील्डिंग में भी वह फुर्तीले नजर नहीं आए। अगले मैच से पहले इस क्रिकेटर को अपने खेल के बारे में विश्लेषण करना बहुत जरूरी है।
शार्दुल ठाकुर- इस युवा गेंदबाज ने टीम इंडिया की हार बहुत पहले ही तय कर दी। दाएं हाथ के तेज गेंदबाज ने अपने पहले ओवर में ही 27 रन खर्च कर दिए। ठाकुर में अनुभव की कमी स्पष्ट रूप से दिखी। उन्होंने 21 गेंदें की और 42 रन खर्च किए। शार्दुल की गेंदों पर श्रीलंकाई बल्लेबाज आसानी से प्रहार कर पा रहे थे। अगर शार्दुल को अगले मैच में मौका मिलता है तो उन्हें अपनी इस गलती को हर हाल में सुधारना होगा।