भारत के धुरंधर ओपनर और उसे दो विश्व कप जितवाने में अहम भूमिका निभाने वाले क्रिकेटर गौतम गंभीर ने न न करते भी आखिर अपनी 'दूसरी पारी' राजनीति की पिच पर खेलने के लिए हामी भर दी। गौतम गंभीर राजनीति की पिच पर यह पारी भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के लिए खेलेंगे।
2 of 5
गौतम गंभीर भाजपा में शामिल
- फोटो : एएनआई
इसकी औपचारिकता घोषणा आखिरकार शुक्रवार को यहां कर दी गई। गंभीर को बीजेपी में लाने में उनके राजनीतिक गुरू अरुण जेटली ने अहम भूमिका निभाई। खुद गंभीर ने अपनी राजनीतिक पारी को शुरू करने की औपचारिक घोषणा के वक्त कहा कि वह देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दर्शन से प्रभावित से होकर बीजेपी से जुड़ रहे हैं।
गंभीर के राजनीति की पिच पर उतरने पर उनके क्रिकेट उस्ताद संजय भारद्वाज ने 'अमर उजाला' से शुक्रवार को बात करते हुए कहा, ' क्रिकेट को अलविदा कहने के बाद राष्ट्र सेवा के लिए गौती (गौतम गंभीर) की ईमानदारी से देश की सेवा के लिए राजनीति में आने को लेकर सोच एकदम साफ थी। गौतम ने जिस ईमानदारी और निष्ठा से क्रिकेट खेली है वह उसी ईमानदारी से अब राजनीति की पिच पर खेलेंगे। गंभीर देश की सेवा करेंगे।
प्रधानमंत्री मोदी की तरह गौती (गौतम गंभीर) भी ईमानदार हैं। गौती भी मोदी की तरह राजनीति में ईमानदारी से देश की सेवा करेंगे। बेशक गौतम राजनीति में कामयाब रहेंगे। मेरा उन्हें बस यही गुरुमंत्र है उसी एकाग्रता और निष्ठा से राजनीति की पिच पर खेलें जिससे वह क्रिकेट की पिच पर खेले थे। मेरा गौती को बस यही संदेश है कि राजनीति का बस एक और एक मकसद है देश सेवा कर देश को संवारना है और वह बस इसी पर फोकस करें। '
उन्होंने कहा, 'मुझे पूरी उम्मीद है कि राजनीति की इस पारी में उन्हें जिस भी 'पिच' पर बल्लेबाजी करने का मौका मिलेगा वह कामयाब रहेंगे। उन्होंने जिस बेखौफ अंदाज से क्रिकेट की पिच पर खेले उसी अंदाज में राजनीति की पिच पर भी खेलेंगे। गौती ने देश को दो विश्व कप में जरूरत के वक्त रन बना कर जितवाया वह उसी अंदाज में अपने प्रदर्शन को राजनीति की पिच पर दोहराने में कामयाब रहेंगे। मैं दावे से कहता हूं कि जहां भी चुनाव लड़ेंगे तो वह उस क्षेत्र के लिए पूरी तरह निष्ठा से जुटेंगे।'