केएल राहुल के अर्धशतक, रवींद्र जडेजा की आक्रामक पारी भारत के लिए 'संकटमोचक' साबित हुई जिन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले टी-20 में भारत को सात विकेट पर 161 रन तक पहुंचाया। राहुल ने 40 गेंद में 51 रन बनाए, लेकिन बीच के ओवरों में लेग स्पिनर एडम जंपा और हरफनमौला मोजेस हेनरिक्स ने भारतीयों पर दबाव बनाए रखा।
भारत के 161/7 के जवाब में ऑस्ट्रेलिया 150/7 ही बना पाया। मैच में एक नाटकीय घटनाक्रम हुआ, जिसने काफी हद तक नतीजा को प्रभावित भी किया। दरअसल, रवींद्र जडेजा को हेलमेट पर गेंद लगने के बाद उनके 'कनकशन' (सिर पर चोट लगना) विकल्प के तौर पर युजवेंद्र चहल को उतारा गया। प्लेइंग इलेवन का हिस्सा न रहने वाले चहल ने न सिर्फ चार ओवर में 25 रन देकर तीन अहम विकेट चटकाए।
मैन ऑफ द मैच रहे युजवेंद्र चहल ने बताया कि जब टीम बल्लेबाजी कर रही थी तब वह आराम से ड्रेसिंग रूम में बैठे हुए थे। दूसरी पारी शुरू होने से 10-15 मिनट पहले चहल को मैच में खेलने की जानकारी मिली। युजी ने कहा कि उन्होंने वन-डे सीरीज में की गई अपनी गलतियों से सीखा। पहली पारी में उनके स्पिनर्स के खिलाफ रन करना आसान नहीं था। मैंने अपनी योजनाओं के मुताबिक ही गेंदबाजी की।
दूसरी पारी से ठीक पहले ऑस्ट्रेलियाई कोच जस्टिन लैंगर और मैच रेफरी डेविड बून के बीच गंभीर बातचीत होती नजर आई थी। इस पर सवाल पूछे जाने पर ऑस्ट्रेलियाई कप्तान फिंच ने कहा, 'जडेजा चिकित्सकीय परीक्षण से गुजरे हैं। हम डॉक्टर के फैसले पर सवाल नहीं उठा सकते। हमने अंतिम ओवर्स में बहुत अधिक रन लुटा दिए। जो हार का कारण बना।'
5 of 6
जडेजा हैमस्ट्रिंग से भी जूझ रहे हैं
- फोटो : ट्विटर
जडेजा की सिर पर लगी चोट और कनकशन पर विराट से भी सवाल किए गए। उन्होंने बताया कि, 'जड्डू के सिर के एक कोने में बॉल लगी थी, जिसके बाद उन्हें चक्कर आने लगे। दूसरी पारी के पहले तक वह अच्छा महसूस नहीं कर कर रहे थे। कनकशन रिप्लेसमेंट बेहद अजीबोगरीब चीज है। आज यह हमारे पक्ष में गया कभी दांव उल्टा भी पड़ सकता है। स्कोरबोर्ड पर अपेक्षाकृत कम स्कोर लगाने के बावजूद हमने हार नहीं मानी। ऑस्ट्रेलिया को अच्छी शुरुआत मिल चुकी थी, लेकिन विकेट से दबाव बनाया गया।