शिवभक्ति के माह सावन की दूसरी सोमवारी पर राज्य विभाजन के बाद बिहार का देवघर कहे जाने वाले औरंगाबाद के गोह प्रखंड में देवकुंड स्थित बाबा दुधेश्वरनाथ मंदिर में जलाभिषेक करने शिवभक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा। अहले सुबह तीन बजे से ही शिवभक्तों का जमावड़ा लगने लगा। दूर-दराज से दर्शन के लिए आए श्रद्धालुओं की टोली दूसरी सोमवारी की पूर्व संध्या पर ही देवकुंड पहुंची हुई थी।
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बाबा की पूजा करने को आतुर कतारों में खड़े श्रद्धालु
- फोटो : अमर उजाला
सुबह से ही बाबा दुधेश्वरनाथ के मंदिर में भक्तों की भीड़ आनी शुरू हो गई। दिन चढ़ने के साथ कतारें और लंबी होती चलीं गई। भक्तगण लाइन में लगकर बाबा के दरबार में पहुंचे। जलाभिषेक कर माथा टेका और मुरादें मांगी। सुबह से शुरू हुआ यह सिलसिला देर शाम तक जारी रहा। श्रद्धालुओं ने बेल पत्र, भांग, धतूरा, अक्षत और फूल से लेकर अन्य कई तरह की वस्तुओं से बाबा का अभिषेक किया। शिवलिंग पर जलाभिषेक कर शिवभक्तों ने मन की मुराद मांगी। हर श्रद्धालु में बाबा दुधेश्वरनाथ का दीदार करने को लेकर अलग ही उत्सुकता दिख रही थी।
सावन के दूसरे सोमवार पर देवकुंड आए हुए श्रद्धालुओं की सुरक्षा के व्यापक इंतजाम रहे। इसके अलावा श्रद्धालुओं और कांवड़ियों की भारी भीड़ को देखते हुए सहस्त्रधारा तालाब के घाटों पर भी पुलिसकर्मियों की तैनाती रही। बोट के साथ निगरानी भी की जा रही थी। बाबा दुधेश्वरनाथ मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए मुख्य सड़क से मंदिर के मुख्य द्वार तक बैरिकेडिंग की गई थी। महिला और पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग रास्ते बनाए गए हैं। इसके अलावा मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करते हुए 20 जगहों पर सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं। उनसे मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं की निगरानी की जा रही है। गर्भ गृह में भी पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है, जिसमें महिला और पुरुष पुलिसकर्मी शामिल हैं। इसी तरह से अरवल और औरंगाबाद की सीमा पर भी पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। यहां भी दोनों जिलों के श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए बैरिकेडिंग का इंतजाम किया गया है।
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सावन की दूसरी सोमवारी को भारी तादाद में दुधेश्वरनाथ पहुंचे श्रद्धालु
- फोटो : अमर उजाला
दूसरी सोमवारी की भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने अतिरिक्त पुलिस बल की भी तैनाती कर रखी है। अतिरिक्त महिला कांस्टेबल के साथ-साथ पुलिस बल की व्यवस्था की गई है। थानाध्यक्ष शिशुपाल कुमार अहले सुबह तीन बजे से ही दल बल के साथ मौजूद रहे। साथ ही श्रद्धालुओं को दर्शन पूजन के समय किसी प्रकार की दिक्कत का सामना करना न पड़े। साथ ही सुरक्षा कारणों को लेकर मंदिर के आसपास पर्याप्त मात्रा में पुलिस बल तैनात रहा। इसके अलावा मार्गों पर जगह-जगह पुलिस बल के जवान कांवड़ियों की देखरेख करते रहे। इस दौरान देवकुंड में श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चप्पे-चप्पे पुलिस तैनात रही।
सावन माह की दूसरे सोमवारी पर हजारों कांवड़ियों ने बाबा दुधेश्वरनाथ का जलाभिषेक किया। अरवल जिले से आए कांवड़ियों ने बताया कि शुक्रवार को पटना के गाय घाट से जल भरकर पैदल यात्रा करते हुए चार बजे सुबह देवकुंड पहुंचे और बाबा दूधेश्वरनाथ पर जलाभिषेक किया। सावन का महीना आते ही यहां दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं और कांवड़ यात्रियों का तांता लग जाता है। शिव भक्तों, कांवड़ियों और श्रद्धालुओं में काफी उत्साह दिखाई देता है। महिलाएं और श्रद्धालु मंदिर में पहुंचकर हर-हर महादेव के नारे के साथ अपने इष्ट देवता महादेव के जयकारों के साथ शिवलिंग पर जलाभिषेक कर अपनी मनौती की कामना करते हैं।