आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन का सरगना सैयद सलाहुद्दीन को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। पाकिस्तान सरकार और पाकिस्तानी सेना के अलावा आईएसआई भी आतंकी संगठन के सरगना को शह दे रही है। वहीं यह खुलासा यूं भी चौंकाने वाला है क्योंकि एक तरफ तो पाकिस्तान फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) में आतंकी संगठनों पर लगाम कसने की बात कह रहा है और दूसरी तरफ आतंकी संगठऩ के मुखिया को आईएसआई से प्रमाणित यानी आईएसआई का अफसर बताया है।
आतंकी सैयद सलाहुद्दीन की कार की नंबर प्लेट से हुआ बड़ा खुलासा, सामने आई ISI और पाक सेना की सांठगांठ
कार का नंबर IDL 8290
हिजबुल सरगना सैयद सलाहुद्दीन की एक पुरानी सड़क रैली की कुछ फोटोग्राफ सामने आए हैं। इन फोटोग्राफ्स में वह काले रंग की Toyota Land Cruiser गाड़ी में सवार है और उसे आतंकियों और आईएसआई के एजेंट्स ने घेरा हुआ है। वहीं इस फोटो में आसपास बाइक्स पर चल रहे लोग काले रंग मास्क पहने नजर आ रहे हैं। गौर करने वाली बात यह है कि IDL 8290 नंबर की यह टोयोटा कार इस्लामाबाद में रजिस्टर्ड है।
वीआईपी लोगों को मिलती है यह नंबर प्लेट
वहीं यह गाड़ी सैयद सलाहुद्दीन की पुरानी गाड़ी है, जो कि बुलैट प्रूफ है। लेकिन खास बात है इस गाड़ी की नंबर प्लेट। इस गाड़ी पर काले रंग की नंबर प्लेट लगी है। यह खास नंबर प्लेट केवल पाकिस्तान में वीआईपी लोगों को ही जारी की जाती है। प्रधानमंत्री इमरान खान की टोयोटा पर भी काले रंग नंबर प्लेट लगी है, जिसका नंबर LEE-1 है। इसका अलावा एक और वीआईपी शख्स की BMW कार पर भी काले रंग की नंबर प्लेट लगी है जिसका नंबर LE 4114 है।
पाकिस्तानी सेना की गाड़ी
वहीं असली राज इस काले रंग की नंबर प्लेट में ही छुपा है, जिससे पता चलता है कि कैसे पाकिस्तान की सेना और खुफिया एजेंसी पाकिस्तान में आतंकियों को सरंक्षण दे रही है। दरअसल पाकिस्तान में कार रजिस्ट्रेशन का नियम यह है कि पाक सरकार की आधिकारिक गाड़ियां ग्रीन प्लेट वाली होती हैं, जिन पर सफेद रंग से अक्षर लिखे होते हैं। वहीं विदेशी राजनयिकों की गाड़ियों की नंबर प्लेट लाल होती है, जिस पर सफेद रंग से अक्षर लिखे जाते हैं। वहीं पाकिस्तानी सेना/पुलिस के सिविल व्हीकल्स की नंबर प्लेट काले रंग की होती है, जिस पर सफेद रंग से अक्षर और नंबर्स लिखे जाते हैं। वहीं आम नंबर प्लेट्स सफेद रंग की होती हैं, जिन पर काले रंग से अक्षर लिखे होते हैं।
बेरोकटोक घूमने की आजादी
सैयद सलाहुद्दीन के बारे में दूसरा खुलासा हुआ है। इस खुलासे से पता चलता है कि कई निर्दोष लोगों की मौत के जिम्मेदार आतंकी सलाहुद्दीन को आईएसआई का अधिकारी बताया है। वहीं इस खुलासे में यह भी पता चलता है कि सलाहुद्दीन का एक और नाम सैयद मोहम्मीद युसुफ शाह भी है। यह पत्र जारी करते हुए डायरेक्टर/कमांडिग ऑफिसर वजाहत अली खान (डायरेक्टोरेट ऑफ इंटेलिजेंस) ने जारी करते हुए लिखा है, 'यह प्रमाणित है कि सैयद मोहम्मद यूसुफ शाह, इंटर सर्विसेज इंटेलिजेंस (आईएसआई, इस्लामाबाद) के साथ काम कर रहे हैं। वह इस विभाग के अधिकारी हैं। सलाहुद्दीन के वाहन का विवरण साझा करते हुए निर्देश है कि उन्हें सुरक्षा की मंजूरी दे दी गई है और अनावश्यक रूप से रोका नहीं जाना चाहिए।'