Mahindra की नई जेनरेशन वाली 2020 Thar भारतीय बाजार में लॉन्च के लिए तैयार है। कंपनी अपनी इस नई ऑफ-रोडिंग गाड़ी को भारत में 15 अगस्त को लॉन्च करेगी। इसमें बीएस6 नॉर्म्स वाला इंजन शामिल किया गया है। इसके अलावा 2020 Thar में टचस्क्रीन के साथ कई नए फीचर्स देखने को मिलेंगे। 15 अगस्त को जब यह कार लॉन्च होगी तो हम आपको सबसे पहले इसके फीचर्स की जानकारी देंगे। आज हम आपको महिंद्रा थार के सफर के बारे में बताने जा रहे हैं। आज हम आपको बताएंगे कि कैसे साल 1949 में लॉन्च हुई CJ3A को भारतीय बाजार में ग्राहकों का जबरदस्त साथ मिला। हम आपको इसके 70 सालों के सफर के बारे में बताने जा रहे हैं। तो डालते हैं एक नजर,
Mahindra Thar: गांव से शहर तक सिर चढ़कर बोला महिंद्रा की 'जीप' की जादू, पढ़ें 70 सालों का सफर
साल 1949 से शुरू हुआ सफर
CJ3A महिंद्रा की पहली गाड़ी थी। कंपनी ने इसे साल 1949 में लॉन्च किया था। इसकी कार का डिजाइन सभी Thar के बेसिक मॉडल में आपको मिलता है। उस समय यह जीप से इंस्पायर्ड ऑफ रोडर थी। यह गाड़ी लॉन्च होते ही भारत में लोकप्रिय हो गई। दरअसल उस समय देश के लगभग सभी इलाकों में सड़कों का काफी बुरा हाल था, जिसके कारण इसका ऑफ रोडिंग फीचर लोगों के लिए वरदान बन गया। यह कार बॉलीवुड की कई फिल्मों में भी देखी गई।
1953– शामिल हुआ Hurricane इंजन
साल 1953 में CJ3B वर्जन में Willys Hurricane का पारवफुल इंजन दिया गया। यह कार इंजन और बॉडी दोनों में पावरफुल थी। इसमें नए इंजन के साथ ओपेन रूफ दी गई थी। इसके अलावा इसका विंड स्क्रीन बोनेट की तरफ मुड़ सकता था।
1985- MM540 की एंट्री
कंपनी ने अपनी CJ3B का लुक साल 1985 में बदल दिया और इसे MM540 नाम दिया। इसके पुराने वर्जन में दरवाजे नहीं दिए गए थे, लेकिन MM540 में दरवाजों को शामिल किया गया था। यह कार भारत में ऑफ-रोड की पहचान बन गई, जिसमें Armada जैसी ग्रिल दी गई थी। MM540 में दिए गए दरवाजों के कारण यह पहले के मुकाबले काफी सेफ थी। इसमें बच्चों को लेकर यात्रा करना काफी सुरक्षित था। इसके अलावा दरवाजों के कारण इसमें AC की सुविधा भी उपलब्ध थी।
1996 – महिंद्रा क्लासिक
कंपनी ने अपनी महिंद्रा क्लासिक को साल 1996 में उतारा। इसमें दरवाजे और बिना दरवाजे दोनों का विकल्प दिया गया था। इसके अलावा कंपनी की तरफ से इसमें नए कलर वैरिएंट्स को शामिल किया गया था। यह Thar का पहला ऐसा वर्जन था जो ऑफ-रोडिंग और ऑन-रोडिंग दोनों ही जरूरतों के लिए पूरी तरह से परफेक्ट था। यह कार सेफ्टी के मायने में अब तक की सबसे बेहतर थार थी।