सूर्य महाराज 12 राशियों में भ्रमण करने के बाद 13 अप्रैल शाम 7 बजकर 47 मिनट पर मेष राशि में प्रवेश करेंगे। यह संक्रांति पुनर्वसु नक्षत्र, और सुकर्मा योग में तुला लग्न में होगी। संक्रांति का पुण्यकाल दोपहर 1 बजकर 23 मिनट पर होगा। ज्योतिषशास्त्र के नियमानुसार यह संक्रांति बुधवार को होने के कारण मंदाकिनी नाम की और नक्षत्रानुसार महोदरी नाम की है। इसका फल यह है कि संक्रांति राजनीति में सक्रिय रहने वालों के लिए लाभप्रद रहेगी। इस महीने भ्रष्टाचार और जैसे तैसे धन कमाने वालों की चांदी रहेगी।
अब सूर्य रहेंगे अगले एक महीने मेष राशि में, इनकी रहेगी मौज
संध्या के समय संक्रांति होने के कारण उत्तरी भारत में छिट पुट वर्षा होगी लेकिन चक्रवात और आंधी से नुकसान होगा। सूर्य के मेष राशि में प्रवेश के साथ सूर्य और मंगल के बीच युति संबंध बनेगा। सूर्य और मंगल का शनि के साथ षडाष्टक योग बनेगा जो शुभ फलदायी नहीं है। इससे किसी बात को लेकर जन आक्रोश सामने आ सकता है। प्राकृतिक आपदा के कारण जन धन की हानि की भी आशंका है। आइये अब देखें मेष संक्रांति का आपकी राशि पर असर।
अब सूर्य रहेंगे अगले एक महीने मेष राशि में, इनकी रहेगी मौज
आपकी राशि में सूर्य मंगल का युति रहेगी इससे आपका जोश और उत्साह बढ़ा-चढ़ा रहेगा। कार्यक्षेत्र में आपका प्रदर्शन बेहतर होगी प्रशंसा मिलेगी। लेकिन क्रोध के कारण आपका बनता काम भी बिगड़ सकता है इस बात का ध्यान रखें। गर्मी से होने वाली बीमारी परेशान कर सकती है। खान-पान का ध्यान रखें। आर्थिक मामलों में स्थिति अच्छी रहेगी।
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सूर्य देव आपकी राशि से बारहवें घर में होंगे। मानसिक एवं शारीरिक कष्ट का सामना करना पड़ सकता है। अनावश्यक भाग दौड़ और खर्च भी बढ़ेगा। अनिद्रा की परेशानी हो सकती है। कार्यक्षेत्र में काम का दबाव रहेगा। व्यवसाय में अधिक परिश्रम से लाभ मिलेगा।
अब सूर्य रहेंगे अगले एक महीने मेष राशि में, इनकी रहेगी मौज
सूर्य आपकी राशि से ग्यारहवें घर में है। आपके लिए यह संक्रांति लाभप्रद रहेगी। आर्थिक लाभ मिल सकता है, जिन लोगों की प्रोन्नति की बात चल रही है उन्हें अच्छी खबर मिल सकती है। स्वास्थ्य अनुकूल रहेगा। पारिवारिक जीवन में आपसी तालमेल एवं सहयोग मिलेगा।