{"_id":"5d02b091bdec226dc4730f5b","slug":"two-accused-arrested-from-lockup","type":"story","status":"publish","title_hn":"लॉकअप से भागे दो आरोपी गिरफ्तार","category":{"title":"City and States Archives","title_hn":"शहर और राज्य आर्काइव","slug":"city-and-states-archives"}}
लॉकअप से भागे दो आरोपी गिरफ्तार
Fri, 14 Jun 2019 01:52 AM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Fri, 14 Jun 2019 01:52 AM IST
विज्ञापन
Lockup
बहरिया थाने के लॉकअप से भागे सात आरोपियों में से पुलिस ने गुरुवार को दो को गिरफ्तार कर लिया। एक सोरांव में अपनी बहन के घर छिपा था। दूसरा गांव में ही एक घर में था। सूचना पर पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया। अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है। क्राइम ब्रांच की टीम के साथ बहरिया पुलिस जौनपुर और प्रतापगढ़ के कई इलाकों में खोजबीन में लगी है।
बहरिया थाने में हत्या और लूट के दो अलग अलग मामलों में आठ संदिग्ध आरोपियों को पिछले कुछ दिनों से पकड़ा गया था। सोमवार की रात आठ में से सात आरोपी हवालात की दीवार तोड़कर भाग निकले थे। घटना से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था। क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर भरत कुमार को विशेष रूप से आरोपियों को पकड़ने के लिए टीम के साथ थाने भेजा गया था।
बहरिया पुलिस ने गुरुवार को फरार सात आरोपियों में से नौरंगी लाल और राजू यादव को गिरफ्तार कर लिया। राजू यादव सोरांव में अपनी बहन के घर छिपा था। घर वालों से पूछताछ के बाद उसे पकड़ा गया। नौरंगी लाल अपने गांव में ही एक घर में शरण लिए था। उसे भी वहीं से पकड़ लिया गया। पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपियों को करनाईपुर में हत्या के मामले में पूछताछ के लिए थाने लाया गया था। अन्य आरोपियों की तलाश में टीमें गंगापार के कई इलाकों में दबिश दे रही हैं। दो लोगों के प्रतापगढ़ और जौनपुर भागने की सूचना पर दो टीमें वहां गई हैं।
विज्ञापन
बहरिया पुलिस और क्राइम ब्रांच में लाकअप से भागे नौरंगी लाल और राजू को भले ही पकड़ लिया गया है लेकिन उन्हें किस धारा में जेल भेजा जाएगा, इसका जवाब किसी के पास नहीं है। बहरिया एसओ का कहना है कि अधिकारियों से इस बारे में बात की जा रही है।
नौरंगी लाल और राजू यादव को करनाई में हत्या के मामले में पूछताछ के लिए थाने लाया गया था। उनके खिलाफ न तो हत्या की रिपोर्ट दर्ज है न ही थाने से भागने की। अब उन्हें किस धारा में जेल भेजा जाय। इस पर माथापच्ची की जा रही है। पुलिस सातों आरोपियों को आफ द रिकार्ड लाकअप में रखे थी। इस कारण जब वे भागे तो उनके खिलाफ मुकदमा नहीं दर्ज किया गया था। अब उनके पकड़े जाने के बाद सवाल उठता है कि उन्हें आखिर किस धारा में जेल भेजा जाएगा। एसओ बहरिया और तथा अन्य अधिकारी इस मामले में चुप्पी साधे हैं। सूत्रों का कहना है कि हत्या में उनकी संलिप्तता खोजी जा रही है। अगर वे हत्याकांड में शामिल पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ उसी मामले में रिपोर्ट दर्ज कर जेल भेजा जाएगा।
विज्ञापन
बहरिया थाने में हत्या और लूट के दो अलग अलग मामलों में आठ संदिग्ध आरोपियों को पिछले कुछ दिनों से पकड़ा गया था। सोमवार की रात आठ में से सात आरोपी हवालात की दीवार तोड़कर भाग निकले थे। घटना से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था। क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर भरत कुमार को विशेष रूप से आरोपियों को पकड़ने के लिए टीम के साथ थाने भेजा गया था।
विज्ञापन
बहरिया पुलिस ने गुरुवार को फरार सात आरोपियों में से नौरंगी लाल और राजू यादव को गिरफ्तार कर लिया। राजू यादव सोरांव में अपनी बहन के घर छिपा था। घर वालों से पूछताछ के बाद उसे पकड़ा गया। नौरंगी लाल अपने गांव में ही एक घर में शरण लिए था। उसे भी वहीं से पकड़ लिया गया। पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपियों को करनाईपुर में हत्या के मामले में पूछताछ के लिए थाने लाया गया था। अन्य आरोपियों की तलाश में टीमें गंगापार के कई इलाकों में दबिश दे रही हैं। दो लोगों के प्रतापगढ़ और जौनपुर भागने की सूचना पर दो टीमें वहां गई हैं।
विज्ञापन
बहरिया पुलिस और क्राइम ब्रांच में लाकअप से भागे नौरंगी लाल और राजू को भले ही पकड़ लिया गया है लेकिन उन्हें किस धारा में जेल भेजा जाएगा, इसका जवाब किसी के पास नहीं है। बहरिया एसओ का कहना है कि अधिकारियों से इस बारे में बात की जा रही है।
नौरंगी लाल और राजू यादव को करनाई में हत्या के मामले में पूछताछ के लिए थाने लाया गया था। उनके खिलाफ न तो हत्या की रिपोर्ट दर्ज है न ही थाने से भागने की। अब उन्हें किस धारा में जेल भेजा जाय। इस पर माथापच्ची की जा रही है। पुलिस सातों आरोपियों को आफ द रिकार्ड लाकअप में रखे थी। इस कारण जब वे भागे तो उनके खिलाफ मुकदमा नहीं दर्ज किया गया था। अब उनके पकड़े जाने के बाद सवाल उठता है कि उन्हें आखिर किस धारा में जेल भेजा जाएगा। एसओ बहरिया और तथा अन्य अधिकारी इस मामले में चुप्पी साधे हैं। सूत्रों का कहना है कि हत्या में उनकी संलिप्तता खोजी जा रही है। अगर वे हत्याकांड में शामिल पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ उसी मामले में रिपोर्ट दर्ज कर जेल भेजा जाएगा।