बोला मुनीर, अंडरवर्ल्ड को ऑपरेट कर रहे थे तंजील अहमद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तर प्रदेश में बिजनौर में एनआईए अफसर तंजील अहमद व उनकी पत्नी फरजाना की हत्या का मुख्य आरोपी और गैंगस्टर मुनीर अब यूपी पुलिस की रिमांड पर है। पुलिस की पूछताछ में सनसनीखेज खुलासे कर रहा मुनीर अब तक 20 हत्याएं कर चुका है। ऐसा पुलिस ने दावा किया है।
मुनीर ने मीडिया के सामने खुद इस खुलासे पर कुछ कहने से बचता नजर आया। एक के बाद एक सनीसनीखेज खुलासे कर रहे मुनीर ने एनआईए अफसर तंजील अहमद पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
कुख्यात शूटर मुनीर के हाथों मारे गए राष्ट्रीय जांच एजेंसी के डिप्टी एसपी तंजील अहमद एनआईए का खोल ओढ़कर अंडरवर्ल्ड को ऑपरेट कर रहे थे। पुलिस की पूछताछ में मुनीर ने ऐसा खुलासा किया है। पुलिस कस्टडी में आए मुनीर से पूछताछ में तंजील अहमद के कारनामे प्याज के छिलकों की तरह उधड़ने लगे हैं।
लूटपाट के लिए हथियार और सुरक्षा मुहैया कराते थे तंजील
पुलिस सूत्रों ने जानकारी दी कि मुनीर ने बताया है कि दिल्ली में बैंक की कैश वैन से 1.5 करोड़ रुपये और धामपुर बैंक से 91 लाख रुपये की लूट में से 1.12 करोड़ रुपये उसने तंजील को दिए थे। बदले में डीएसपी तंजील गैंग को अत्याधुनिक हथियार और वारदात के बाद बचकर भागने के लिए सुरक्षित कवर मुहैया कराते थे।
गौरतलब है कि बिजनौर जिले के स्योहारा थाना क्षेत्र में सहसपुर निवासी एनआईए के डिप्टी एसपी तंजील अहमद की दो अप्रैल को आधी रात सहसपुर के पास गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई थी। बाइक सवार हमलावरों ने उन्हें आटोमैटिक हथियारों से 20 गोलियां मारी थीं।
एनआईए के डिप्टी एसपी की हत्या से पूरा देश हिल गया था। शुरू में इस हत्या के पीछे आईएसआई का हाथ बताया जा रहा था। लेकिन बाद में पुलिस ने तंजील के ही गांव के कुख्यात शूटर अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के पूर्व छात्र मुनीर को हत्या का मास्टर मांइड बताकर वारदात का खुलासा कर दिया था।
मुनीर के साथियों को पुलिस पहले ही जेल भेज चुकी है। पिछले महीने एसटीएफ ने मुनीर को भी गाजियाबाद से गिरफ्तार कर लिया था।
'डेढ़ करोड़ की लूट में तंजील ने हमें बचाया था'
रिमांड के दौरान डीआईजी ओंकार सिंह समेत पुलिस और एनआईए व एसटीएफ के कई आला अधिकारियों ने तंजील से पूछताछ की है। सूत्रों का कहना है कि मुनीर ने अभी तक कुल 39 घटनाएं कबूल की हैं। इनमें दिल्ली में दो साल पहले बैंक की कैश बैंक से 1.5 करोड़ रुपये लूटने की घटना भी शामिल है। उसने पुलिस को बताया है कि उसने पांच करोड़ से भी ज्यादा कैश लूटा, लेकिन इस लूट का बड़ा हिस्सा तंजील अहमद रख लेते थे।
मुनीर ने पुलिस को बताया है कि दिल्ली में एटीएम में रकम डालने जा रही बैंक की कैश वैन को लूटने के दौरान वह और उसके साथी दिल्ली में ही डेरा डाले थे। वारदात से पहले उन्होंने दो फ्लैट इस्तेमाल किए। एक फ्लैट पर खुद रहे जबकि दूसरे पर असलहे और दूसरा सामान रखते थे।
वैन से 1.5 करोड़ रुपये लूटने के बाद वह सुरक्षित निकल आए थे। लेकिन फ्लैट पर कुछ ऐसा सामान छूट गया था जो उन्हें फंसा सकता था। ऐसे में तंजील से उन्होंने मदद ली। तंजील ने वो हथियार और बाकी सामान फ्लैट से हटा दिया।
तंजील को इस पूरी घटना की जानकारी थी और उन्होंने गैंग को पूरा बैकअप दिया था। बदले में उन्हें 90 लाख रुपये दिए गए थे। इसी तरह धामपुर की बैंक लूट में गैंग के हाथ कुल 91 लाख रुपये लगे थे। तंजील को इस रकम में से 22 लाख रुपये दिए गए थे।
एके- 47 और नाइन एमएम पिस्टल देने थे
पुलिस पूछताछ में मुनीर ने कबूला है कि एनआई के डिप्टी एसपी तंजील अहमद ने गैंग को एके- 47 रायफल और नाइन एमएम के पिस्टल की सप्लाई देने का वादा किया था। लेकिन रकम लेने के बावजूद वह हथियारों की सप्लाई नहीं दे पा रहे थे।
मुनीर ने पुलिस को बताया है कि तंजील ने कई बार गैंग को हथियार और कारतूस दिए थे। उन्होंने कहा था कि एनआईए में होने के नाते वह एके-47 आसानी से उपलब्ध करा देंगे। लेकिन वह इस वादे को पूरा नहीं कर पा रहे थे। बदले में उनकी डिमांड लगातार बढ़ती जा रही थीं। हर घटना के बाद वह मोटा हिस्सा ले लेते थे। मुनीर ने पुलिस से दावा किया है कि तंजील के लिंक कई दूसरे खतरनाक गैंगों से भी थे।
मालले में डीआईजी ओंकार सिंह ने बताया है कि पुलिस रिमांड पर पूछताछ में मुनीर ने कई महत्वपूर्ण जानकारियां दी हैं। ये तफ्तीश का विषय है इसलिए अभी हम इन जानकारियों को साझा नहीं कर सकते। लेकिन इतना कह सकते हैं कि मुनीर ने एनआईए के मरहूम डिप्टी एसपी तंजील अहमद के बारे में कई अहम बातें बताई हैं। फिलहाल पुलिस इन तथ्यों की तस्दीक कर रही है।