{"_id":"631300d4986cbe032938a34f","slug":"beginning-of-the-nutrition-month-in-shivpuri-campaign-to-remove-malnutrition-by-connecting-the-common-man","type":"story","status":"publish","title_hn":"MP News: शिवपुरी में पोषण माह की शुरुआत, आमजन को जोड़कर कुपोषण दुर करने का अभियान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
MP News: शिवपुरी में पोषण माह की शुरुआत, आमजन को जोड़कर कुपोषण दुर करने का अभियान
Sat, 03 Sep 2022 12:53 PM IST
अरविंद कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिवपुरी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिवपुरी
Published by: अरविंद कुमार
Updated Sat, 03 Sep 2022 12:53 PM IST
सार
मध्यप्रदेश के शिवपुरी जिले में कुपोषण को कम करने के लिए पोषण माह की शुरुआत हो चुकी है। इस दौरान जिले में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा पोषण की घंटी, कुपोषण से छुट्टी अभियान शुरू किया गया है।
विज्ञापन
पोषण माह की शुरुआत
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
शिवपुरी जिले में पोषण माह अभियान का उद्देश्य समाज में प्रतिभागिता और व्यवहार में परिवर्तन को प्रोत्साहित कर पोषण के स्तर में सुधार लाना है। इस अभियान में लोगों की भागीदारी बढ़ाकर और समुदायों के बीच पोषण के बारे में जागरुकता लाकर कुपोषण को कम करना इसका उद्देश्य है। जिले में महिला सुपोषण सखी, आंगनवाड़ी, आशा कार्यकर्ताओं और माताओं को साथ लेकर कुपोषण कम करने की मुहिम शुरू की गई है। इस अभियान में सुरवाया औरॉ भदाबावड़ी गांव में जागरुकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
विज्ञापन
इस दौरान आदिवासी बाहुल्य गांवों और अन्य गांव जहां पर कुपोषण ज्यादा है या कमजोर बच्चे हैं, वहां पर इन गांवों में जनभागीदारी बढ़ाकर सुपोषण सखी, आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से कुपोषित बच्चों को पास की एनआरसी तक लाया जा रहा है। एनआरसी में बच्चों का निशुल्क इलाज किया जा रहा है। यहां पर इन बच्चों को किस तरह का भोजन दिया जाए इस बारे में बच्चों के माता-पिता को बताया जाता है। शिवपुरी जिला मुख्यालय सहित सभी विकासखंड़ों पर यह एनआरसी संचालित की जा रही हैं। यहां पर कुपोषित बच्चों का इलाज महिला एवं बाल विकास विभाग और स्वास्थ्य विभाग द्वारा किया जा रहा है।
विज्ञापन
एनआरसी में होता है कुपोषित बच्चों का इलाज
एनआरसी में अपने कुपोषित बच्चे को लेकर आईं एक महिला सुमन जाटव ने बताया, पहले उनके बच्चे का बजन बहुत कम था। लेकिन एनआरसी में भर्ती कराने के बाद बच्चे के स्वास्थ्य में सुधार है और बजन भी बढ़ गया है। एक अन्य महिला पाचों आदिवासी ने बताया कि हमारे बच्चे का बजन कम था। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के माध्यम से हम अपने बच्चे को एनआरसी में लेकर आए। अब यहां पर बच्चे के स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है। एनआरसी में बच्चों के स्वास्थ्य पर ध्यान देने वालीं पोषण विशेषज्ञ रेखा चौहान ने बताया कि हम यहां पर अपने वाले बच्चों के पोषण पर विशेष ध्यान देते हैं। माता-पिता की काउंसिलिंग कर बच्चों को क्या खिलाया जाए इस बारे में बताते हैं। यहां पर बच्चों को इलाज पूरी तरह से निशुल्क है।
विज्ञापन
जनभागादारी आधारित मुहिम
महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी देवेंद्र सुंदरयाल ने बताया, जिले में कुपोषण को कम करने के लिए पोषण माह की शुरुआत में पोषण की घंटी, कुपोषण से छुट्टी अभियान शुरू किया गया है। इस अभियान के अंतगर्त विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। लोगों की भागीदारी बढ़ाकर और समुदायों के बीच पोषण के बारे में जानकारी दी जा रही है। डीपीओ ने बताया, इस तरह की मुहित अच्छे परिणाम सामने आए हैं और बीते दिनों में 2500 बच्चे कुपोषण मुक्त हुए हैं।
