SC-ST Act: भाजपा विधायक ने बंद करवाई दुकानें, फिर बोले- ऐसा नहीं करता तो विरोधी फायदा उठा लेते
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सुप्रीम कोर्ट द्वारा एससी-एसटी एक्ट पर सुनाए गए फैसले के विरोध में सोमवार, 2 अप्रैल को देशव्यापी बंद का आयोजन किया था। इस दौरान हुई हिंसा में एक दर्जन लोगों की मौत हो गई और देशभर में सड़क तथा रेलमार्ग बाधित रहा। हिंसक बंद में सबसे ज्यादा मौतें मध्यप्रदेश में हुईं। वहीं समाचार एजेंसी एएनआई द्वारा जारी एक तस्वीर में मध्यप्रदेश की आगर विधानसभा सीट से भाजपा विधायक गोपाल परमार क्षेत्र में दुकानें बंद करवाते हुए दिखाई दे रहे थे।
आगर सीट अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित है। जब गोपाल परमार से इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि यदि वह खुद उन दुकानों को बंद नहीं करवाते तो राजनीतिक विरोधी इसका फायदा उठा सकते थे।
परमार ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले से नाराज एससी-एसटी समुदाय के लोग आगजनी, हिंसा और तोड़फोड़ न करें, इसलिए वह खुद बाजार में मौजूद थे। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र के ज्यादातर लोग अनुसूचित जाति से आते हैं और वह सभी बाजार बंद कराने पर आमादा थे। परमार का दावा है कि पूरे मध्यप्रदेश में कुछ भी हुआ हो लेकिन आगर में प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा और किसी प्रकार की अनहोनी नहीं हुई।
Gopal Parmar, BJP MLA from Agar, seen forcing shop owners to close their shops during protest over SC/ST Protection Act in Agar yesterday #BharatBandh #MadhyaPradesh pic.twitter.com/aOubpB94F5
— ANI (@ANI) April 3, 2018
दोपहर 2 बजे होगी सुनवाई
इतना ही नहीं, जिस समय गोपाल दुकानें बंद करवा रहे थे, उसी समय किसी ने उनका वीडियो बना लिया। बाद में परमार ने इस बारे में सफाई देते हुए बताया कि जिस दुकान को वे बंद करवा रहे थे परशुराम सेना के सदस्य की थी, और वह उसे बंद नहीं करना चाहता था।
गौरतलब है कि एससी-एसटी एक्ट में हुए बदलाव के बाद दलित समुदाय ने देशव्यापी बंद का आयोजन किया था। बंद की वजह से देशभर में जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा। वहीं एक दर्जन लोगों को अपनी जान से हाथ धोना पड़ा। हालांकि कोर्ट के इस फैसले के खिलाफ केंद्र सरकार और कांग्रेस सहित अन्य विरोधी पार्टियों ने याचिका दायर की थी जिस पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट तैयार हो गई है।
