फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   MP News: Letter to Prime Minister Narendra Modi to save Siddha mountain

MP News: सिद्धा पहाड़ बचाने PM मोदी को पत्र, BJP विधायक नारायण त्रिपाठी ने अपनी सरकार पर लगाए गंभीर आरोप

Fri, 02 Sep 2022 08:04 AM IST
आनंद पवार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: आनंद पवार Updated Fri, 02 Sep 2022 08:04 AM IST
सार

मध्य प्रदेश के सतना जिले के चित्रकुट स्थित सिद्धा पहाड़ को बचाने पीएम नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है। मैहर से बीजेपी विधायक नारायण त्रिपाठी ने पत्र में राम के स्मृति स्थलों को अयोध्या जैसा भव्य बनाने की मांग की और अपनी ही सरकार पर सवाल खड़े किए हैं। 

विज्ञापन
MP News: Letter to Prime Minister Narendra Modi to save Siddha mountain
नारायण त्रिपाठी - फोटो : social media

विस्तार

नारयण त्रिपाठी ने पत्र में लिखा कि मध्यप्रदेश के सतना जिले में चित्रकूट के समीप राम वनगमन पथ पर स्थित सिद्धा पहाड़ में खनन अनुमति देने की प्रक्रिया की जा रही है। हिन्दु आस्था का केंद्र इस पहाड़ पर बाक्साइट, लेटराइट, ओकर आदि के खनन की अनुमति देने की कार्यवाही की जा रही है। पूर्व में भी इसी तरह के प्रयास किये गये थे, लेकिन तब स्थानीय विरोध के चलते कार्यवाही रुक गई थी। अब पर्यावरणीय स्वीकृति के नाम पर फिर कार्यवाही शुरू की गई है। त्रिपाठी ने लिखा कि एक तरफ हमारी सरकार द्वारा भगवान राम की स्मृतियों को चिरस्थायी बनाये रखने हेतु राम वनगमन पथ जैसी योजनाओं पर कार्य किया जा रहा है, अयोध्या में भव्य राममंदिर के साथ ही इसका पूर्णरूपेण विकास कर इसे भव्य तीर्थस्थल के रूप में विकसित किया जा रहा है वहीं दूसरी ओर चित्रकूट क्षेत्र में भगवान राम से जुड़ी स्मृतियों को नष्ट करने का कार्य किया जा रहा है।
विज्ञापन


खनन मुक्त क्षेत्र घोषित करने निर्देश दें 
त्रिपाठी ने पीएम को लिखा कि हाल ही में उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चित्रकूट के इसी इलाके में अभयारण्य की घोषणा की है। पन्ना नेशनल टाईगर रिजर्व भी इस क्षेत्र के समीप है। इस क्षेत्र में खनन गतिविधियों को लेकर साधु संतों व धर्मप्रेमियों की गहरी नाराजगी है। अतः सिद्धा पहाड़ में खनन अनुमति देने की जा रही कार्यवाही रोकने व भगवान श्रीराम से जुड़े स्थलों के समीप के क्षेत्र को खनन मुक्त क्षेत्र घोषित करने के निर्देश संबंधितों को देने की कृपा करें।
विज्ञापन

 
रामचरित्र मानस में है उल्लेख
रामचरित मानस के अरण्यकांड में उल्लेख है कि भगवान राम जब चित्रकूट से आगे की ओर बढ़े तो  अस्थियों से बना सिद्धा पहाड़ मिला। तब राम को ऋषि-मुनियों ने बताया कि यहां राक्षस कई साधु संतो व ऋषि मुनियों को खा गए हैं और यह अस्थियां उन्हीं मुनियों की हैं। उस समय भगवान राम ने इसी स्थान पर राक्षसों के विनाश की प्रतिज्ञा ली थी। बाल्मीकि रामायण में भी इस पहाड़ का उल्लेख है।
विज्ञापन
विज्ञापन

 
आने वाली पीढ़ियां माफ नहीं करेंगी
अब यह सर्वसिद्ध है कि सिद्धा पहाड़ भगवान श्रीराम की स्मृतियों से जुड़ा जनआस्था का विषय है, ऐसे स्थलों के बेहतर संरक्षण व संवर्धन के बजाय इसको खोदने व नष्ट करने की किसी प्रकार की अनुमति हिन्दुआस्था पर गहरी चोट होगी। जिसे क्षेत्रीय जनमानस व हमारे साधु संत कतई बर्दास्त नहीं करेंगे। यदि हमने ऐसा होने दिया तो हमारी आने वाले पीढ़ियों हमें माफ नहीं करेंगी।
 
अयोध्या जैसा भव्य बनाएं
त्रिपाठी ने पीएम को लिखा कि आप पर इस देश के सनातनियों का गहरा विश्वास है। आप ऐतिहासिक निर्णय लेने के लिये जाने जाते हैं। संपूर्ण विन्ध्य व चित्रकूट क्षेत्र के धार्मिक स्थलों में आस्था रखने वाले धर्मावलंबियों व साधुसंतों का विश्वास है कि आप भगवान राम के पदचिन्हों व स्मृतिस्थलों को खनन माफिया से बचाने अवश्य हस्तक्षेप करेंगे व चित्रकूट में 11 वर्ष के वनवास काल की भगवान राम की स्मृतियों वाले स्थलों के विकास की बागडोर अपने हाथ में लेकर अयोध्या जैसा दिव्य व भव्य बनाने की योजना पर कार्य अवश्य करेंगे ।


पहाड़ पर स्थापित होगी भव्य राम प्रतिमा 
विन्ध्य पुनरोदय मंच ने सिद्धा पहाड़ पर भव्य राम प्रतिमा लगाने का निर्णय लिया है। हालांकि इसकी आधिकारिक घोष्णा शनिवार को होगी। योजना है कि पहाड़ को खनन से बचाने के लिए पहाड़ पर 5 करोड़ की लागत की भव्य प्रतिमा स्थापित की जाएगी। 
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed