थाने में हुए हमले के बाद इलाज के दौरान पुलिसकर्मी की मौत, सीएम ने की 1 करोड़ देने की घोषणा
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मध्यप्रदेश के भिंड जिले में बदमाशों के हमले से जिस पुलिसकर्मी की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई है, उनके परिवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने एक करोड़ रुपये देने की घोषणा की है। सीएम ने कहा है कि उनके परिवार के किसी एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाएगी। साथ ही उन्हें शहीद का दर्जा भी दिया जाएगा।
MP CM Shivraj Singh Chouhan has announced Rs 1 crore for kin of the prison guard who died today after he was attacked by an undertrial prisoner at a police station in Bhind on Sept 9. CM has even announced govt job to one of his family members & grant him the status of a martyr. pic.twitter.com/aEdQN4gjJg
— ANI (@ANI) September 12, 2018विज्ञापन
बता दें 9 सितंबर की शाम को थाने के अंदर ही कुछ बदमाशों ने दो पुलिसकर्मियों पर लोहे के धारदार हथियार से हमला कर दिया था। उनमें से एक पुलिसकर्मी की आज (बुधवार) मौत हो गई है। उनका इलाज दिल्ली में चल रहा था।
दोनों पुलिसकर्मियों के हमले में घायल होने के बाद वहां मौजूद अन्य पुलिसकर्मियों ने उन्हें अस्पताल पहुंचाया। उनमें से एक पुलिसकर्मी गजराज का इलाज भिंड में ही चल रहा है। जबकि दूसरे पुलिसकर्मी उमेश बाबू की हालत काफी गंभीर थी। जिसके चलते उन्हें दिल्ली रेफर कर दिया गया। उमेश हेड कांस्टेबल के पद पर कार्यरत थे। उनकी दिल्ली के अस्पताल में मौत हो गई।
सीसीटीवी में कैद हुई वारदात
जानकारी के मुताबिक उमरी थाना पुलिस ने विष्णु राजावत नाम के व्यक्ति को जिले में शांति भंग करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस ने उसे लॉकअप में बंद करने की बजाय खुले में ही बैठाकर रखा।
कुछ समय बाद उसका साथी मानसिंह भी वहां आ गया। जिसके बाद विष्णु ने वहां से भागने की कोशिश की। जब पुलिस ने उसे ऐसा करने से रोका तो उसने पुलिस थाने में ही रखी कुदाली से पुलिसकर्मियों पर हमला कर दिया। ये पूरी घटना सीसीटीवी में कैद हो गई। हालांकि बाद में विष्णु वहां से भागने में सफल नहीं हो पाया और पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस का कहना है कि विष्णु राजावत रेत के अवैध खनन के कारोबार से जुड़ा हुआ है। जिसके कारण उसे गिरफ्तार किया गया। जब उसे जेल भेजा गया तब थोड़ी देर तक तो वह शांत होकर बैठा रहा।
लेकिन कुछ देर बाद उसने अपने दोस्त के साथ थाने में हंगामा मचा दिया। वहीं उमेश बाबू जिन्हें दिल्ली के अस्पताल में इलाज के लिए रेफर किया गया था, उनकी गर्दन में गंभीर चोट आई थी।
