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Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Mohan Bhagwat attend RSS meeting in Indore

मोहन भागवत ने कहा- जीवन में देने का महत्व है, दान की परंपरा हमेशा जीवंत रहनी चाहिए

Thu, 02 Jan 2020 09:49 PM IST
देव कश्यप न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर Published by: देव कश्यप Updated Thu, 02 Jan 2020 09:49 PM IST
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Mohan Bhagwat attend RSS meeting in Indore
संघ प्रमुख मोहन भागवत (फाइल फोटो)

मध्यप्रदेश के इंदौर में राष्ट्रीय स्वयंसवेक संघ (आरएसएस) की राष्ट्रीय कार्यकारिणी मंडल की पांच दीवसीय बैठक गुरुवार से शुरू हो गई। इसी दौरान संघ प्रमुख मोहन भागवत गुरुवार शाम चमेली देवी पार्क कॉलोनी में शांतादेवी रामकृष्ण विजयवर्गीय न्यास का लोकार्पण किया। विजयवर्गीय परिवार द्वारा शुरू किए गए इस न्यास गरीब बच्चों की शिक्षा और चिकित्सा के क्षेत्र में काम करता है। 

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न्यास के उद्घाटन कार्यक्रम में भागवत ने कहा, 'हिंदू समाज ने प्राचीन समय से लेकर आज तक कई बातें झेली हैं, तो कई उपलब्धियां हासिल भी की हैं। पिछले पांच हजार वर्षों में आए उतार-चढ़ावों के बावजूद हिंदू समाज के प्राचीन जीवन मूल्य भारत में आज भी प्रत्यक्ष तौर पर देखने को मिलते हैं।'

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वक्त के तमाम उतार-चढ़ावों के बावजूद भारत में हिंदू समुदाय के प्राचीन जीवन मूल्य कायम रहने का जिक्र करते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने उर्दू शायर अल्लामा इकबाल का मशहूर शेर पढ़ा- 'यूनान, मिस्र, रोमां, सब मिट गए जहां से...कुछ बात है कि हस्ती मिटती नहीं हमारी।'

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उन्होंने कहा, दुनिया के बाकी देशों के प्राचीन जीवन मूल्य मिट गए। कई देशों का तो नामो-निशान ही मिट चुका है। परंतु हमारे जीवन मूल्य अब तक नहीं बदले हैं। इसलिए इकबाल ने कहा है- यूनान, मिस्र, रोमां, सब मिट गए जहां से…. कुछ बात है कि हस्ती मिटती नहीं हमारी।

भागवत ने आगे कहा,  ...और यह बात है- हमारा धर्म। यहां धर्म से तात्पर्य किसी संप्रदाय विशेष से नहीं, बल्कि मनुष्यों के सह अस्तित्व से जुड़े मूल्यों से है। धर्म समन्वित और संतुलित तरीके से जीवन जीने का तरीका है जिसमें महत्व इस बात का है कि हम दूसरों को क्या दे रहे हैं और उनके भले के लिए क्या कर रहे हैं?


संघ प्रमुख ने परोपकार की भावना पर जोर देते हुए कहा कि भौतिकता के तमाम बदलावों के बावजूद जीवन में देने का महत्व है, भारत में दान की परंपरा हमेशा जीवंत रहनी चाहिए।

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