मध्यप्रदेश: मोस्ट वांटेड अपराधी जीतू सोनी को इंदौर क्राइम ब्रांच ने गुजरात से किया गिरफ्तार
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मध्यप्रदेश पुलिस ने मानव तस्करी समेत 45 से ज्यादा आपराधिक मामलों में पिछले सात महीने से वांछित आरोपी जीतू सोनी को पड़ोसी राज्य गुजरात से रविवार सुबह गिरफ्तार किया। इसकी गिरफ्तारी पर 1.6 लाख रुपये का इनाम घोषित था। डीआईजी हरी नारायणचारी मिश्र ने इसकी पुष्टि की है।
उन्होंने बताया कि जीतू उर्फ जितेंद्र सोनी पर शहर के ज्यादातर थानों में मानव तस्करी, दुष्कर्म, अपहरण, धोखाधड़ी, अवैध वसूली के 45 से ज्यादा केस दर्ज हैं। तत्कालीन कांग्रेस सरकार के समय यानी 31 नवंबर को पुलिस ने पहली बार उसके होटल 'माय होम' सहित अन्य ठिकानों पर छापा मारा थ। तब जीतू सोनी भाग गया था, लेकिन उसका बेटा अमित सोनी पकड़ा गया था।
चार दिन पहले बुधवार को क्राइम ब्रांच की टीम ने गुजरात के अमरेली जिले के सावरकुंडला से उसके बड़े भाई महेंद्र सोनी को गिरफ्तार किया था। तब जीतू सोनी राजकोट स्थित एक फार्म हाउस से बेटे विक्की सोनी व भतीजे जिग्नेश सोनी को लेकर भाग गया था। शुक्रवार को पुलिस ने दोबारा लोकेशन पता की और छह टीमों ने अलग-अलग जगहों पर छापे मारे। क्राइम ब्रांच की 12 से अधिक टीमें गुजरात मे डेरा डाले हुए थी। बताया जा रहा है कि इंदौर पुलिस जल्द ही पूरे मामले का खुलासा करेगी।
गरमा सकता है ‘हनी ट्रैप’ मामला
इस बीच, सियासी आलोचक सूबे में तीन महीने पहले हुए सत्ता परिवर्तन के बाद सोनी की गिरफ्तारी के राजनीतिक मायने भी तलाश रहे हैं। कयास लगाये जा रहे हैं कि अब कुख्यात ‘हनी ट्रैप’ मामले को लेकर सरगर्मियां तेज हो सकती हैं।
प्रदेश के राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मचाने वाले इस हाईप्रोफाइल सेक्स कांड का खुलासा कमलनाथ की अगुवाई वाली पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने किया था। कांग्रेस के ही 22 बागी विधायकों के पाला बदलकर भाजपा में शामिल होने के बाद मार्च में इस सरकार का पतन हो गया था। इसके बाद शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में भाजपा सूबे की सत्ता में लौट आई थी।
संगीन आपराधिक मामलों में गिरफ्तार सोनी इंदौर के सांध्य दैनिक 'संझा लोकस्वामी' का मालिक और प्रधान संपादक भी है। पिछले साल के अंत में उसके परिवार के डांस बार, दो बंगलों, होटल और रेस्तरां समेत अलग-अलग ठिकानों पर पुलिस व प्रशासन की बड़ी कार्रवाई से ठीक पहले, शाम का यह अखबार ‘हनी ट्रैप’ मामले में फंसे राजनेताओं और नौकरशाही से जुड़े रसूखदार लोगों से कथित रूप से संबंधित ऑडियो-वीडियो पर आधारित खबरें प्रकाशित और प्रसारित कर रहा था।
‘हनी ट्रैप’ गिरोह की पांच महिलाओं और उनके ड्राइवर को भोपाल और इंदौर से सितंबर 2019 में गिरफ्तार किया गया था। गिरोह खुफिया कैमरों से अंतरंग पलों के वीडियो बनाकर अपने शिकारों को इस आपत्तिजनक सामग्री के बूते ब्लैकमेल करता था।
