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Indore: यूनियन कार्बाइड का दस टन कचरा 9 साल पहले गुपचुप तरीके से जलाया जा चुका है पीथमपुर में

Mon, 30 Dec 2024 05:33 PM IST
अभिषेक चेंडके न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर Published by: अभिषेक चेंडके Updated Mon, 30 Dec 2024 05:33 PM IST
सार

 वर्ष 2015 से पहले पीथमपुर में वर्ष 2008 में भी चालीस टन कचरा गुपचुप तरीके से विशेष कंटेनरों में पीथमपुर की रामकी कंपनी में लाया गया था और वहां उस कचरे का निपटान किया गया। भोपाल से इंदौर होते हुए इस कचरे के लिए कर्फ्यू का समय चुना गया।

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Indore: Ten tons of Union Carbide waste was secretly burnt in Pithampur 9 years ago
पीथमपुर में जलेगा यूनियन कार्बाइड का कचरा। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पांच हजार मौतों की वजह बनी यूनियन कार्बाइड फैक्टरी का 337 टन कचरा इंदौर के समीप पीथमपुर में लाने की तैयारी की जा रही है। सुरक्षा कारणों से यह खुलासा नहीं किया जा रहा है कि यह किस दिन और किस समय लाया जाएगा। सूत्रों के अनुसार इसे रात के समय भोपाल से इंदौर तक लाने की तैयारी की जा रही है। यूनियन कार्बाइड के विषैले कचरे को लेकर यह भी खुलासा हुआ है कि गुपचुप तरीके से वर्ष 2015 में दस टन कचरे पीथमपुर में ट्रायर बतौर जलाया जा चुका है।

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उसकी ट्रायर रिपोर्ट को कोर्ट में पेश किया गया। दस टन कचरे को जलाने के दौरान प्लांट में वैज्ञानिक भी मौजूद थे और उन्होंने वातावरण का परीक्षण उसके आधार पर ही अब 337 टन कचरे को पीथमपुर की रामकी संयंत्र के भस्मक में जलाने के लिए भेजा जा रहा है। उससे पहले वर्ष 2008 में 40 टन कचरे को भी पीथमपुर में लैंडफील किया जा चुका है। दस टन कचरे के निपटान की पुष्टि गैस राहत पुर्नवास संचालक स्वतंत्र कुमार सिंह ने की है।

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 कर्फ्यू का फायदा उठाते हुए 40 टन कचरा भेजा था पीथमपुर

 वर्ष 2015 से पहले पीथमपुर में वर्ष 2008 में भी चालीस टन कचरा गुपचुप तरीके से विशेष कंटेनरों में पीथमपुर की रामकी कंपनी में लाया गया था और वहां उस कचरे का निपटान किया गया। भोपाल से इंदौर होते हुए इस कचरे के लिए कर्फ्यू का समय चुना गया। तब इंदौर में दंगों के कारण कर्फ्यू लगा था। रात के समय भोपाल की फैक्टरी से कचरा निकाला गया था।



इसे मामले में तब तत्कालीन केंद्रीय पर्यावरण मंत्री जयराम रमेश में धार दौरे के दौरान लोगों से माफी भी मांगी थी और कहा था कि इस काम में पारदर्शिता होना चाहिए थी,लेकिन हम गुपचुप तरीके स कचरा लाए।

हाईकोर्ट में लगी याचिका

यूनियन कार्बाइड कचरे को पीथमपुर में जलाने को लेकर हाईकोर्ट में याचिका लगाई गई है। वकील अभिनव धनोतकर ने याचिका में यह तर्क दिया है कि विषैले कचरे के आसपास आबादी क्षेत्र है। इंदौर,धार और पीथमपुर जैसे घनी बसाहट वाले शहर है। इसके बावजूद 337 टन कचरे को यहां जलाया जा रहा है।

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