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इंदौर-दाहोद रेल परियोजना: टीही-धार के बीच 130 किमी की रफ्तार से दौड़ा इलेक्ट्रिक इंजन, पहला हाईस्पीड ट्रायल
Mon, 02 Nov 2026 07:46 PM IST
धार ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, धार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, धार
Published by: धार ब्यूरो
Updated Mon, 02 Nov 2026 07:46 PM IST
सार
इंदौर-दाहोद रेल परियोजना के तहत टीही से धार के बीच 47 किलोमीटर ट्रैक पर पहली बार इलेक्ट्रिक इंजन का हाईस्पीड ट्रायल हुआ। अंतिम चरण में इंजन 130 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ा। पीथमपुर की तीन किलोमीटर लंबी सुरंग का परीक्षण भी सफल रहा। 5-6 नवंबर को सीआरएस निरीक्षण करेगा।
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47 किमी लंबे ट्रैक पर पहली बार हुआ हाईस्पीड ट्रायल
विस्तार
इंदौर-दाहोद रेल परियोजना ने एक और महत्वपूर्ण पड़ाव पार कर लिया है। परियोजना के तहत टीही से धार के बीच 47 किलोमीटर लंबे नवनिर्मित रेल ट्रैक पर सोमवार को पहली बार इलेक्ट्रिक इंजन दौड़ाया गया। चार चरणों में हुए हाईस्पीड ट्रायल के अंतिम चरण में इंजन को 130 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ाया गया। ट्रायल के दौरान ट्रैक और पीथमपुर की 3 किलोमीटर लंबी सुरंग का प्रदर्शन भी सामान्य और सुरक्षित पाया गया।
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ट्रायल की तैयारियों के तहत रविवार शाम को ओवरहेड इलेक्ट्रिक लाइन (ओएचई) का काम पूरा कर 25 केवी एसी लाइन को चार्ज किया गया। सोमवार सुबह 8:30 बजे ट्रायल शुरू हुआ। शुरुआती चरण में इंजन को 30 से 70 किमी प्रति घंटे की गति से चलाकर ट्रैक की स्थिति जांची गई। इसके बाद अलग-अलग चरणों में गति बढ़ाई गई। अंतिम चरण में धार से टीही के बीच इंजन 110 से 130 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ा। इस ट्रायल की खास उपलब्धि पीथमपुर स्थित तीन किलोमीटर लंबी टनल का सफल परीक्षण रहा। तेज गति से इंजन गुजरने के दौरान सुरंग और ट्रैक का व्यवहार सामान्य पाया गया। अब 5 और 6 नवंबर को कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी (सीआरएस) की टीम 47 किमी लंबे रेलखंड का अंतिम निरीक्षण करेगी। सीआरएस से हरी झंडी मिलने के बाद इस मार्ग पर यात्री और मालगाड़ियों के संचालन का रास्ता साफ हो सकेगा।
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47 किमी लंबे ट्रैक पर पहली बार हुआ हाईस्पीड ट्रायल
