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देवास: पद्मावती के गाने ‘घूमर’ पर स्कूलों में रोक, आदेश वायरल होने पर कलेक्टर ने तत्काल रद्द किया
एजेंसी, भोपाल
Updated Thu, 23 Nov 2017 04:55 PM IST
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दीपिका पादुकोण
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फिल्म पद्मावती पर लगाए जा रहे प्रतिबंध की कड़ी में मध्यप्रदेश में फिल्म के एक गाने पर प्रतिबंध लगाया गया। लेकिन सोशल मीडिया पर इस खबर के वायरल होने और लोगों की कड़ी प्रतिक्रिया को देखते हुए इस प्रतिबंध को रद्द किया गया।
मध्य प्रदेश के देवास जिले के जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) ने विवादों में आई फिल्म पद्मावती के गाने 'घूमर' को जिले के सभी स्कूलों के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में शामिल करने पर रोक लगाने का आदेश जारी किया। सोशल मीडिया पर इस आदेश के वायरल होने के बाद जिला कलेक्टर ने बृहस्पतिवार को डीईओ को इस आदेश को तुरंत वापस लेने के निर्देश दिए और कहा कि ‘घूमर’ पर रोक के लिए संबद्ध अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया जा रहा है।
देवास के जिला शिक्षा अधिकारी दिनेश सूर्यवंशी ने बुधवार को जिले के निजी और शासकीय सभी स्कूलों के प्राचार्यों को सांस्कृतिक कार्यक्रमों में फिल्म पद्मावती का ‘घूमर’ गाना नहीं शामिल किए जाने के निर्देश जारी किए। डीईओ ने अपने आदेश में कहा, 'पद्मावती के सम्मान में राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना द्वारा इस कार्यालय में आग्रह पत्र प्रस्तुत किया गया है, जिसमें विद्यालय के अंतर्गत होने वाले समस्त सांस्कृतिक कार्यक्रमों में घूमर गाने पर रोक लगाने एवं हिंदुत्व की भावना को ठेस न पहुंचाने के बारे में कहा गया है। इसलिए आप अपने विद्यालय के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में घूमर गाने का उपयोग न करें।’
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इस बीच जिला कलेक्टर आशीष सिंह ने बताया कि डीईओ के इस आदेश को तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया गया है। सिंह ने कहा, 'मुझे इसकी जानकारी बृहस्पतिवार सुबह ही मिली है। इस तरह के निर्देश केवल राज्य सरकार की ओर से ही जारी किए जा सकते हैं। मैंने डीईओ को तुरंत इस आदेश को वापस लेने का कहा है। इसके साथ ही डीईओ को इस मामले में तीन दिन के अंदर स्पष्टीकरण देने का नोटिस भी दिया गया है।'
गौरतलब है कि उज्जैन में बुधवार रात को राजपूत समाज के एक कार्यक्रम में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने चित्तौड़ की रानी पद्मावती के चरित्र से संबंधित पाठ को अगले शैक्षणिक सत्र से मध्य प्रदेश के पाठ्यक्रम में शामिल करने की घोषणा की है।
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मध्य प्रदेश के देवास जिले के जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) ने विवादों में आई फिल्म पद्मावती के गाने 'घूमर' को जिले के सभी स्कूलों के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में शामिल करने पर रोक लगाने का आदेश जारी किया। सोशल मीडिया पर इस आदेश के वायरल होने के बाद जिला कलेक्टर ने बृहस्पतिवार को डीईओ को इस आदेश को तुरंत वापस लेने के निर्देश दिए और कहा कि ‘घूमर’ पर रोक के लिए संबद्ध अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया जा रहा है।
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देवास के जिला शिक्षा अधिकारी दिनेश सूर्यवंशी ने बुधवार को जिले के निजी और शासकीय सभी स्कूलों के प्राचार्यों को सांस्कृतिक कार्यक्रमों में फिल्म पद्मावती का ‘घूमर’ गाना नहीं शामिल किए जाने के निर्देश जारी किए। डीईओ ने अपने आदेश में कहा, 'पद्मावती के सम्मान में राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना द्वारा इस कार्यालय में आग्रह पत्र प्रस्तुत किया गया है, जिसमें विद्यालय के अंतर्गत होने वाले समस्त सांस्कृतिक कार्यक्रमों में घूमर गाने पर रोक लगाने एवं हिंदुत्व की भावना को ठेस न पहुंचाने के बारे में कहा गया है। इसलिए आप अपने विद्यालय के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में घूमर गाने का उपयोग न करें।’
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इस बीच जिला कलेक्टर आशीष सिंह ने बताया कि डीईओ के इस आदेश को तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया गया है। सिंह ने कहा, 'मुझे इसकी जानकारी बृहस्पतिवार सुबह ही मिली है। इस तरह के निर्देश केवल राज्य सरकार की ओर से ही जारी किए जा सकते हैं। मैंने डीईओ को तुरंत इस आदेश को वापस लेने का कहा है। इसके साथ ही डीईओ को इस मामले में तीन दिन के अंदर स्पष्टीकरण देने का नोटिस भी दिया गया है।'
गौरतलब है कि उज्जैन में बुधवार रात को राजपूत समाज के एक कार्यक्रम में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने चित्तौड़ की रानी पद्मावती के चरित्र से संबंधित पाठ को अगले शैक्षणिक सत्र से मध्य प्रदेश के पाठ्यक्रम में शामिल करने की घोषणा की है।
