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Ganesh Chaturthi: दमोह में विराजित हैं 18 भुजाओं वाले गणेश, 200 वर्षों से भी ज्यादा पुराना है मंदिर का इतिहास
Tue, 19 Sep 2023 07:49 AM IST
अंकिता विश्वकर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दमोह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दमोह
Published by: अंकिता विश्वकर्मा
Updated Tue, 19 Sep 2023 07:49 AM IST
सार
Ganesh Chaturthi 2023: दमोह के झागर में 18 भुजाओं वाली भगवान गणेश की दिव्य प्रतिमा स्थित है। इस मंदिर का इतिहास 200 वर्षों से भी ज्यादा पुराना बताया जाता है।
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झागर में स्थित 18 भुजाओं वाली भगवान गणेश की प्रतिमा
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
दमोह जिले के पथरिया ब्लॉक के झागर गांव में भगवान गणेश की अद्भुत प्रतिमा विराजमान है। यहां पर विशाल सरोवर के किनारे स्थित श्री सिद्धि विनायक गणेश मंदिर में 18 भुजाधारी भगवान गणेश की विलक्षण प्रतिमा विराजमान है। हर साल यहां गणेश चतुर्थी पर तीन दिवसीय मेले का आयोजन भी किया जाता है। भगवान गणेश की 18 भुजाधारी इकलौती गणेश प्रतिमा को लेकर विख्यात इस मंदिर का इतिहास 200 साल पुराना बताया जाता है। इस मंदिर में 200 साल पुराने अनादिकाल सम्राट अशोक के जमाने के शिलालेख खंडित मूर्तियां पाई गई हैं। यह जानकारी पुरातत्व विभाग की है। जिससे प्रतीत होता है कि जिस समय सम्राट अशोक ने भारत भ्रमण किया था उस दौरान उन्होंने इस स्थान पर पड़ाव लिया था।
पहले यह मंदिर खंडहर जैसी स्थिति में था लेकिन 1990 में ग्रामीणों ने श्रमदान चंदा करके मंदिर का निर्माण किया था। क्षेत्र के लोगों सहित राजनैतिक हस्तियों का इस मंदिर से विशेष लगाव है और शुभ कार्य की शुरुआत सिद्वी विनायक के दर्शन करके होती है। गणेश प्रतिमा के दर्शन के लिए देश-प्रदेश से भी भारी संख्या में श्रद्वालु आते हैं। यहां पर उनकी सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। गणेश जी के मंदिर के सामने 28 एकड़ में विशाल तालाब है। जो बारह महीने पानी से लबालब भरा रहता है।
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पहले यह मंदिर खंडहर जैसी स्थिति में था लेकिन 1990 में ग्रामीणों ने श्रमदान चंदा करके मंदिर का निर्माण किया था। क्षेत्र के लोगों सहित राजनैतिक हस्तियों का इस मंदिर से विशेष लगाव है और शुभ कार्य की शुरुआत सिद्वी विनायक के दर्शन करके होती है। गणेश प्रतिमा के दर्शन के लिए देश-प्रदेश से भी भारी संख्या में श्रद्वालु आते हैं। यहां पर उनकी सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। गणेश जी के मंदिर के सामने 28 एकड़ में विशाल तालाब है। जो बारह महीने पानी से लबालब भरा रहता है।
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