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बाघिन 'सुंदरी' की देखभाल के लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने लिखा ओडिशा के मुख्यमंत्री को पत्र
Thu, 10 Dec 2020 12:34 AM IST
Kuldeep Singh
पीटीआई, भोपाल
पीटीआई, भोपाल
Published by: Kuldeep Singh
Updated Thu, 10 Dec 2020 12:34 AM IST
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मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान
- फोटो : ANI
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बुधवार को ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक को एक पत्र लिखकर आग्रह किया कि वह वर्तमान में ओडिशा के सतकोसिया बाघ अभयारण्य के एक बाड़े में रखी गई बाघिन ‘सुंदरी’ की देखभाल सुनिश्चित करें।
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अंतरराज्यीय स्थानांतरण परियोजना के तहत 2018 में सुंदरी मध्यप्रदेश के बांधवगढ़ बाघ अभयारण्य से ओडिशा के सतकोसिया बाघ अभयारण्य में स्थानांतरित युगल में शामिल थी। दुर्भाग्यवश सतकोसिया में नर बाघ की मृत्यु हो गयी और इसके बाद बाघिन को एक बाड़े में स्थानांतरित किया गया।
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पटनायक को लिखे अपने पत्र में चौहान ने मीडिया रिपोर्टों का हवाला देते हुए बताया कि सुंदरी को वन्यजीव अधिनियम के मानकों के अनुसार नहीं रखा जा रहा है। इसलिए सतकोसिया गये विशेषज्ञों ने देखा कि बाघिन का स्वाभाविक व्यवहार नहीं दिख रहा है।
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चौहान ने कहा कि वर्ष 2020 के शुरुआती महीने में राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए) के बाद मध्यप्रदेश के विशेषज्ञों की एक टीम ने सतकोसिया का दौरा कर सुंदरी को वापस मध्यप्रदेश स्थानांतरित करने की संभावनाओं की जांच की।
उन्होंने पत्र में लिखा कि लेकिन विशेषज्ञों द्वारा यह पाया गया कि सुंदरी को जंगल में छोड़ना खतरनाक हो सकता है क्योंकि उसने बाड़े में रहने और निरंतर लोगों से घिरे रहते हुए लंबा समय बिताया है। मुख्यमंत्री चौहान ने आगे बताया कि विशेषज्ञों ने उसे एक बड़े टाइगर सफारी बाड़े में स्थानांतरित करने का सुझाव दिया।
