MP News: 50% कमीशन को लेकर कांग्रेस का बड़ा हमला, गडकरी का पत्र शेयर कर लिखा-हिम्मत है तो अब FIR करके दिखाओ
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को परिवहन विभाग के चेक पोस्ट पर रिश्वतखोरी को लेकर लिखे एक साल पुराना पत्र शेयर किया है। साथ ही सरकार पर हमला करते हुए लिखा कि कमीशनखोरों हिम्मत है तो अब एफआईआर करके दिखाओ।
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प्रदेश में 50% कमीशन के वायरल पत्र को फर्जी बताते हुए भाजपा ने कांग्रेस नेताओं के खिलाफ प्रदेश के कई जिलों में एफआईआर कराई है। इस पर कांग्रेस के नेताओं ने जांच करने के बजाए एफआईआर कर सरकार पर कार्यकर्ताओं को डराने का आरोप लगाया है। इसके बाद से भाजपा और कांग्रेस दोनों के बीच सियासी आरोप-प्रत्यारोप का पारा चढ़ा हुआ है। अब मामले में अरुण यादव ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का प्रदेश सरकार को लिखा एक पत्र शेयर किया है। यह पत्र करीब एक साल पुराना है। इसमें प्रदेश में परिवहन विभाग के चेक पोस्टों पर हो रही रिश्वतखोरी का उल्लेख किया गया। जिस पर सख्त कार्रवाई करने की मांग की गई। इस पत्र को शेयर कर अरुण यादव ने लिखा कि केंद्र सरकार द्वारा रिश्वतखोरी का सर्टिफिकेट। उन्होंने लिखा कि केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी जी ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह को लिखे अपने पत्र में परिवहन विभाग के चेक पोस्टों पर हो रही भारी भरकम रिश्वतखोरी का प्रमाण पत्र जारी किया था, कमीशनखोरों/ रिश्वतखोरों हिम्मत है तो इनके खिलाफ भी एफआईआर करके दिखाओ। यादव ने आगे लिखा मिस्टर भ्रष्टाचार, क्या यह आरोप 'घर' से जुड़ा हुआ है।
केंद्र सरकार द्वारा जारी "रिश्वतखोरी का सर्टिफिकेट"
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी जी ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह को लिखे अपने पत्र में परिवहन विभाग के चेक पोस्टों पर हो रहे भारी भरकम रिश्वतखोरी का प्रमाण पत्र जारी किया था,विज्ञापन विज्ञापन
कमीशनखोरों / रिश्वतखोरों हिम्मत है तो इनके खिलाफ भी FIR करके… pic.twitter.com/WZuPaXspTC — Arun Subhash Yadav (@MPArunYadav) August 17, 2023
बता दें, अरुण यादव ने ग्वालियर के लघु व मध्यम श्रेणी के ठेकेदारों के एक कथित संगठन की तरफ से हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश को लिखे पत्र को सोशल मीडिया में वायरल किया था। अगले दिन इस पत्र को कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी, मीडिया विभाग के प्रभारी जयराम रमेश, पूर्व सीएम कमलनाथ ने साझा किया था। इस वायरल पत्र को भाजपा ने फर्जी और कांग्रेस नेताओं पर छवि खराब करने का आरोप लगाते हुए 41 जिलों के थानों में कांग्रेस नेताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है।
