फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Black Fungus: What Causes It, How To Prevent it, What Is Mucormycosis

ब्लैक फंगस: जानिए इंफेक्शन की ABCD..और किन लोगों पर सबसे ज्यादा करता है अटैक

Tue, 18 May 2021 06:22 PM IST
प्रशांत कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: प्रशांत कुमार Updated Tue, 18 May 2021 06:22 PM IST
सार

भारत में ब्लैक फंगस तेजी से बढ़ता जा रहा है। बड़ी संख्या में लोग इसकी चपेट में आ रहे हैं, बीमारी इतनी खतरनाक है कि इससे जान तक जा सकती हैं, हालांकि शुरुआती जांच में पता चलने पर इस पर काबू पाया जा सकता है। 

विज्ञापन
Black Fungus: What Causes It, How To Prevent it, What Is Mucormycosis
ब्लैक फंगस (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कोरोना महामारी के बीच ब्लैक फंगस बीमारी भी तेजी से फैल रही है। यह फंगस इतना खतरनाक है कि इससे इंसान की आंखों की रोशनी तो खत्म हो ही सकती है, जान भी जान सकती है। पिछले साल दिसंबर में सबसे पहले दिल्ली में इसके केस सामने आए, फिर अहमदाबाद, राजस्थान, पंजाब समेत उत्तर भारत के कई राज्यों में इसके मामले मिलते गए।

विज्ञापन


वहीं मध्यप्रदेश में ब्लैक फंगस तेजी से पैर पसार रहे हैं। भोपाल में करीब 100 मरीज सामने आ चुके हैं। ये एक फंगल बीमारी है, जो म्यूकरमायोसिस नाम के फंगाइल से पैदा होती है। ये ज्यादातर उन लोगों को होता है, जिन्हें पहले से कोई बीमारी हो या वो ऐसी दवा लेते हों जो इम्यूनिटी को कमजोर करती हो।
विज्ञापन


ब्लैक फंगस शरीर में कैसे पहुंचता?
सांस के जरिए वातावरण में मौजूद फंगस हमारे शरीर में पहुंचते हैं। अगर शरीर में किसी तरह का कटा फटा है या घाव हो तो वहां से भी ये इंफेक्शन शरीर में फैल सकता है। अगर इसे शुरुआती दौर में पहचान नहीं की गई, तो जानलेवा साबित भी हो सकती है। आखों की रोशनी जा सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन


लक्षण होने पर क्या करें
शरीर में अगर ब्लैक फंगस के लक्षण दिखे तो सबसे पहले डॉक्टर के पास जाकर इसकी जांच कराएं और डॉक्टरों की सलाह के हिसाब से दवा लें। दुकानदार से पूछकर इसकी दवा कतई ना खाएं। इससे इसके कई साइड इफेक्ट हो सकते हैं। 

फंगस के लक्षण क्या हैं?
शरीर में अगर इंफेक्शन हैं तो चेहरे का एक तरफ से सूज जाना, सिरदर्द होना, नाक बंद होना, उल्टी आना, बुखार आना, चेस्ट पेन होना, साइनस कंजेशन, मुंह के ऊपर हिस्से या नाक में काले घाव होना, जो बहुत ही तेजी से गंभीर हो जाते हैं।

 ये इंफेक्शन किन लोगों को होता है?
ये उन लोगों को होता है जो डायबिटिक हैं, जिन्हें कैंसर है, जिनका ऑर्गन ट्रांसप्लांट हुआ हो, जो लंबे समय से स्टेरॉयड ले रहे हों, जिन्हें कोई स्किन इंजरी हो, प्रिमेच्योर बेबी को भी ये हो सकता है। जिन लोगों को कोरोना हो रहा है, उनका भी इम्यून सिस्टम कमजोर हो जाता है। अगर किसी हाई डायबिटिक मरीज को कोरोना हो जाता है तो उसका इम्यून सिस्टम और ज्यादा कमजोर हो जाता है। ऐसे लोगों में ब्लैक फंगस इंफेक्शन फैलने की आशंका और ज्यादा हो जाती है।


इससे कैसे बचें?
निर्माणाधीन कार्य स्थल और धूल वाले इलाके में जाने से बचना चाहिए। साथ ही बेवजह घर से बाहर निकलने से बचें। जरूरी काम होने पर मास्क और चश्मा लगाकर ही बाहर निकले।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed