UPES: 3000 से अधिक ऑफ़र के साथ प्लेसमेंट संपन्न, इस विभाग के 100 फीसदी छात्रों को मिली नौकरी
UPES Placement: नौकरी के बाजार के रुझान के विपरीत यूपीईएस में शानदार प्लेसमेंट हुआ, स्टूडेंट्स को प्रतिष्ठित कंपनियों से ढेरों ऑफर्स मिले। इंजीनियरिंग और कंप्यूटर साइंस के 100 फीसदी विद्यार्थियों को इस प्लेसमेंट के जरिए नौकरी मिली है।
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देहरादून स्थित बहु-विषयक विश्वविद्यालय, यूपीईएस ने शैक्षणिक वर्ष 2020-21 के लिए नौकरी के 3000 प्रस्तावों के साथ अपने वार्षिक प्लेसमेंट का समापन किया है। इसमें 800 से अधिक छात्रों को एक से अधिक नौकरी के प्रस्ताव मिले। कुल मिलाकर सभी स्कूलों में प्लेसमेंट 94 फीसदी रहा। स्कूल ऑफ कंप्यूटर साइंस और स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग में 100 फीसदी प्लेसमेंट हुए। पिछले साल 2020 के 561 की तुलना में इस बार विश्वविद्यालय कैंपस में 649 कंपनियां आईं।
स्कूल ऑफ कंप्यूटर साइंस में 100 फीसदी प्लेसमेंट का यह लगातार पांचवा वर्ष है।
छात्रों को विभिन्न उद्योगों द्वारा मुख्य रूप से अनुसंधान और परामर्श फर्मों, आईटी, शिक्षा और एडुटेक क्षेत्रों द्वारा भर्ती किया गया है। छात्रों को कोर प्रोफाइल और बिजनेस एनालिस्ट, साइबर सिक्योरिटी एनालिस्ट, आईओटी डेवलपर, क्वालिटी एनालिस्ट, यूआई/यूएक्स डिजाइनर, क्लाउड इंजीनियर, फायर ऐंड सेफ्टी ऑडिटर, टेक्नोलॉजी एनालिस्ट, रिस्क एंड फाइनेंशियल एडवाइजर, गेम प्रोग्रामर ऑपरेशंस और मार्केटिंग हेड और डोमेन-विशिष्ट सलाहकार जैसी प्रमुख भूमिकाओं के लिए जॉब ऑफर मिले हैं।
शीर्ष नियोक्ताओं अमेजॉन, इंफोसिस, कॉग्निजेंट, डेल, जेडएस एसोसिएट्स, वेदांत, फ्लिपकार्ट, एरिक्सन, विप्रो, डेलॉइट, ईवाई, मारुति, लिंक्डइन, जेनपैक्ट, ऐक्सेंचर, रॉयल एनफील्ड, वीएमवेयर, एक्सॉन, मोबिल और हॉलीबर्टन जैसी भारतीय और वैश्विक निगम शामिल हैं।
यूपीईएस के कुलपति डॉ. सुनील राय ने कहा कि विशेष रूप से इन अभूतपूर्व समय में और बिना किसी देरी के इतनी प्रभावशाली संख्या में प्लेसमेंट हासिल करना स्टूडेंट्स और उनके सफल भविष्य के प्रति हमारे संकल्प का सच्चा प्रमाण है। जबकि प्लेसमेंट की संख्या अपने-आप में एक वक्तव्य है। उन छात्रों को करियर के अवसर प्रदान करने पर जोर दिया गया है जो अपने कोर प्रोफाइल के करीब हैं। इससे कार्य में अधिक उत्पादकता, शिक्षण और आनंद प्राप्त होता है।”
उन्होंने आगे कहा कि 'यूपीईएस केयर्स’ पहल के तहत इस साल हमने उन स्टूडेंट्स को भी प्लेसमेंट सहायता प्रदान की जो अपने शैक्षणिक ग्रेड, योग्यता और प्रयासों की संख्या के कारण पात्रता मानदंडों को पूरा नहीं करते थे। हमारी करियर सेवा टीम ने इन छात्रों के साथ उपलब्ध अवसरों को सुरक्षित करने के लिए अतिरिक्त मेहनत की।”
स्टूडेंट्स को उद्योग के लिए तैयार करना
दुनिया भर के संगठनों ने न्यू नॉर्मल के साथ अनुकूलन के लिए ड्राइंग बोर्ड का पुनरीक्षण किया है और इसका सीधा प्रभाव बहाली प्रक्रियाओं और उनके द्वारा अपेक्षित कौशल सेट पर पड़ा है। यूपीईएस में कैंपस हायरिंग से पता चलता है कि इंडिया इंक को क्रॉस-डोमेन ज्ञान वाले बहु-कुशल पेशेवरों की जरूरत है जो तकनीक के जानकार, अनुकूलनीय और फुर्तीले हों। इन जरूरतों को पूरा करने के लिए यूपीईएस परिसर के बाहर के प्रशिक्षकों और विशेषज्ञों के जरिए डोमेन ज्ञान, तकनीकी विशेषज्ञता, सॉफ्ट कौशल, जीवन कौशल और योग्यता पर एक समान जोर देता है।
महामारी और लॉकडाउन से पैदा हुई चुनौतियों पर काबू पाने के लिए, स्टूडेंट्स को रीयल-टाइम उद्योग का अनुभव हासिल करने और अपने ज्ञान और कौशल का इस्तेमाल करने के लिए 2600 से अधिक इंटर्नशिप की व्यवस्था की गई।