{"_id":"5fdf709c8ebc3e40f95c0ae4","slug":"three-people-with-arms-arrested-in-farmer-murder-case-three-still-absconding","type":"story","status":"publish","title_hn":"झारखंड: किसान हत्याकांड में हथियार समेत तीन लोग गिरफ्तार, तीन अभी भी फरार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
झारखंड: किसान हत्याकांड में हथियार समेत तीन लोग गिरफ्तार, तीन अभी भी फरार
Sun, 20 Dec 2020 09:11 PM IST
संजीव कुमार झा
पीटीआई, मेदिनीनगर
पीटीआई, मेदिनीनगर
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Sun, 20 Dec 2020 09:11 PM IST
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : पीटीआई
पलामू जिले में कथित रूप से फिरौती के लिए हुए किसान हत्याकांड में रविवार को पुलिस ने तीन मुख्य आरोपियों को पिस्तौल समेत गिरफ्तार कर लिया, जबकि तीन अन्य आरोपी अबतक फरार है । जिले के पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार ने संवाददाताओं को बताया कि किसान विश्वनाथ यादव का अपहरण फिरौती के लिए नहीं बल्कि गुदन मियां नाम के सूदखोर के पास जमा उसकी रकम के कारण हुआ था। गत 10 दिसम्बर को पांकी थानान्तर्गत मतनाग गांव में यह वारदात हुई थी ।
विज्ञापन
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि किसान के रुपये जोलहा बिगहा के गुदन मियां के पास थे और जमा रकम को हजम करने की नीयत से आरोपी ने साजिश कर विश्वनाथ यादव की हत्या करवा दी। उन्होंने कहा कि इस कथित अपहरण एवं हत्या का मुख्य सरगना गुदन मियां ही है । उन्होंने बताया कि आरोपियों ने किसान के घर धावा बोलकर उसका अपहरण कर लिया और उसे अपने साथ लेकर फरार हो गए ।
विज्ञापन
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि अपहरण के चार घंटे के भीतर ही नामजद अभियुक्तों ने किसान की हत्या कर दी थी और शव को छिपाने के लिए उसे नदी के किनारे रेत में गाड़ दिया था, जिसे पुलिस ने गत 17 दिसंबर को लंबीटाड़ नदी से बरामद किया।
विज्ञापन
कुमार ने बताया कि अपहरण का मुख्य मकसद हत्या करना था और अपहरणकर्ता ने किसान के ही मोबाइल से फोन कर उसके बेटे से दस लाख रुपये की फिरौती की मांग की थी। यह मोबाइल फोन भी अब बरामद कर लिया गया है ।
उन्होंने बताया कि आज ही पांकी थाना जोलहा बिगहा गांव में छापामारी करके वारदात के मुख्य सरगना गुदन मियां, शमशाद अंसारी और आफताब अंसारी को पकड़ा गया है । इनके पास से एक देसी पिस्तौल तथा विश्वनाथ यादव का मोबाइल बरामद हुए हैं । उन्होंने बताया कि उक्त घटना में कुल छह आपराधिक तत्व शामिल थे, इसमें तीन अन्य तौफीक अंसारी, रहिस अंसारी और शमशाद अंसारी नाम का एक अन्य आरोपी अबतक पुलिस गिरफ्त से बाहर हैं।