झारखंड विधानसभा चुनाव: भाजपा की प्रदेश चुनाव समिति की बैठक शुरू, मुख्यमंत्री दास भी पहुंचे
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झारखंड में होने वाले विधानसभा चुनावों को लेकर भाजपा प्रदेश चुनाव समिति की बैठक बुधवार को राजधानी रांची स्थिति पार्टी मुख्यालय में शुरू हो गई। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मण गिलुवा की अध्यक्षता में यह बैठक सुबह 11 बजे से होनी थी, लेकिन आधे घंटे की देरी से शुरू हो सकी।
बैठक में मुख्यमंत्री रघुवर दास, भाजपा के राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री सौदान सिंह, भाजपा के विधानसभा चुनाव प्रभारी ओम प्रकाश माथुर, सह प्रभारी नंदकिशोर यादव, प्रदेश सह प्रभारी राम विचार नेताम मौजूद हैं।
इनके अलावा केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा, संसद जयंत सिन्हा, सुदर्शन भगत और महिला मोर्चा की अध्यक्ष आरती सिंह, संगठन मंत्री धर्मपाल सिंह, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र राय, मंत्री नीलकंठ सिंह मुंडा, प्रदेश महामंत्री दीपक प्रकाश और राकेश प्रसाद बैठक में पहुंचे हैं।
बता दें कि 30 नवंबर से शुरू हो रहे विधानसभा चुनावों के लिए नेताओं की दावेदारी को लेकर यह बैठक काफी अहम है। ऐसे में संभावित उम्मीदवारों पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं। प्रदेश में पांच चरणों में यह चुनाव होने हैं। 20 दिसंबर को चुनावों के पांचवे और अंतिम चरण का मतदान होगा। जबकि 23 दिसंबर को मतगणना होगी। प्रदेश में कुल मतदाताओं की दो करोड़ 26 लाख है।
प्रदेश के नेताओं के साथ की रायशुमारी
विधानसभा चुनावों को लेकर बुधवार को हुई बैठक से पहले मंगलवार को पार्टी के क्षेत्रीय और प्रादेशिक नेताओं के साथ रायशुमारी के लिए बैठकें हुई थीं। इनमें 63 विधानसभा क्षेत्रों को लेकर नेताओं की राय ली गई। इसमें वो भी सीटें भी शामिल हैं, जहां परंपरागत रूप से आजसू पार्टी के उम्मीदवार खड़े होते हैं।
पहली रायशुमारी दक्षिणी छोटानागपुर और कोल्हान प्रमंडल के विधानसभा क्षेत्रों के लिए कार्निवाल हॉल में हुई। जबकि पलामू प्रमंडल के लोग प्रदेश भाजपा कार्यालय और उत्तरी छोटानागपुर के नेता स्वागतम बैंक्वेट हॉल में एकत्र हुए थे।
तीन-तीन नाम सुझाए
इन विधानसभा क्षेत्रों के मंडल और जिला अध्यक्ष समेत पार्टी के प्रदेश पदाधिकारियों ने रायशुमारी के दौरान तीन—तीन नाम पर सुझाव दिए। संथाल परगना प्रमंडल के 18 विधानसभा क्षेत्रों के लिए बुधवार को प्रदेश कार्यालय में रायशुमारी होना तय किया गया था।
रायशुमारी में विधायक और सांसद अपेक्षित नहीं थे। बल्कि मंडल अध्यक्ष, जिला अध्यक्ष, निवर्तमान मंडल और जिला अध्यक्ष, विधानसभा सभा संयोजकों के अलावा प्रदेश भाजपा कार्यसमिति के लोगों और विभिन्न मोर्चों के पदाधिकारियों से राय ली गई। सभी ने एक छपी हुई पर्ची पर तीन-तीन नाम लिखकर दिए।