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Jharkhand: तस्करी की गई 11 लड़कियों को बेंगलुरु से छुड़ाया गया, झारखंड के रांची लाया गया
Sat, 06 May 2023 04:56 AM IST
Jeet Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
Published by: Jeet Kumar
Updated Sat, 06 May 2023 04:56 AM IST
सार
सभी लड़की नाबालिग हैं जो विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूह (पीवीटीजी) पहाड़िया जनजाति से संबंधित हैं। सभी लड़कियों को उड़ान के माध्यम से रांची लाया गया।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : पीटीआई
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विस्तार
झारखंड से तस्करी कर बेंगलुरू से छुड़ाई गईं 11 लड़कियां शुक्रवार को राजधानी रांची पहुंच गईं। एक आधिकारिक बयान में यह जानकारी दी गई।
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सभी लड़की नाबालिग हैं जो विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूह (पीवीटीजी) पहाड़िया जनजाति से संबंधित हैं। सभी लड़कियों को उड़ान के माध्यम से रांची लाया गया। एक बयान में कहा गया कि पहाड़िया जनजाति की 11 लड़कियों को बचाया गया है और बेंगलुरु से रांची लाया गया है। वे साहिबगंज और पाकुड़ जिलों की निवासी हैं।
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आगे बताया कि मानव तस्करों द्वारा गरीब परिवारों के बच्चों को नौकरी के बहाने बड़े शहरों में बेचने के कई मामले सामने आ चुके हैं। इस सिलसिले में राज्य सरकार द्वारा गठित एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट बच्चों को छुड़ाने के लिए तस्करों के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है।
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बचाए गए बच्चों के पुनर्वास की भी व्यवस्था की गई है, बयान में कहा गया है कि उन्हें प्रेमाश्रय बालिका गृह रांची में रखा गया है। झारखंड राज्य बाल संरक्षण संस्थान की मनरेगा आयुक्त-सह-निदेशक-सह-सदस्य सचिव राजेश्वरी बी ने यहां इन लड़कियों से मुलाकात की और इन्हें इनके परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
पाकुड़ जिले के हिरणपुर थाना क्षेत्र के 11 लड़कियों समेत 25 लोग सात जनवरी को बेंगलुरू गए थे। बयान में कहा गया कि जब यह पता चला कि वे नाबालिग थे, तो बेंगलुरु पुलिस ने उन्हें सीडब्ल्यूसी, बेंगलुरु को सौंप दिया। सीडब्ल्यूसी की जांच से पता चला कि वे सभी मानव तस्करी के शिकार थे और बाद में रांची के अधिकारियों से संपर्क किया गया। हाल ही में झारखंड से तस्करी कर लायी गयी 14 वर्षीय एक गर्भवती लड़की समेत 13 नाबालिगों को दिल्ली से छुड़ाया गया था।