{"_id":"62b9f60c1c7ab065612bc98e","slug":"stricke-poonch-news-jmu262810666","type":"story","status":"publish","title_hn":"पी एच ई कर्मचारियों ने मांगों को लेकर 48घंटे की काम छोड़ो हड़ताल शुरू की दिन भर किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पी एच ई कर्मचारियों ने मांगों को लेकर 48घंटे की काम छोड़ो हड़ताल शुरू की दिन भर किया प्रदर्शन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पुंछ। जल शक्ति विभाग के अस्थायी कर्मचारियों ने सोमवार से 48 घंटे की काम छोड़ हड़ताल शुरू कर दी है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि उनकी लंबित मांगों पर तत्काल विचार किया जाए।
प्रदर्शनकारियों ने पूर्व सरकारों नेकां, कांग्रेस, पीडीपी और भाजपा की तरह उपराज्यपाल प्रशासन पर भी कर्मचारियों की समस्याओं को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया। कहा कि हम जब भी मांगों को उजागर करने एवं उनके हल के लिए आंदोलन करते हैं तो हर बार समय मांगा जाता है, अब हमारे पास उन्हें देने के लिए समय नहीं हैै। हमने नए चीफ इंजीनियर से मांगों को पूरा करने का आग्रह करते हुए आंदोलन स्थगित कर उन्हें 20 दिन का समय दिया था। उनमें उनकी तरफ से कुछ नहीं किया गया और आज भी वह फिर हमसे समय मांग रहे हैं। आज जम्मू-कश्मीर के अन्य भागों की तरह पुंछ में भी कर्मचारियों ने लंबित मांगों को लेकर काम छोड़ो हड़ताल करते हुए नगर के कृष्ण चंद्र पार्क में एकत्र होकर विभाग एवं उपराज्यपाल प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।
प्रदर्शन में संजय कुमार, मोहम्मद रफीक और मोहम्मद सदीक आदि शामिल रहे।
जलापूर्ति प्रभावित, लोग परेशान
सुंदरबनी। जलशक्ति विभाग के अस्थायी कर्मचारियों द्वारा नौकरी को स्थायी करने तथा पांच वर्षों का बकाया वेतन देने की मांग को लेकर की जा रही काम छोड़ हड़ताल के कारण सुंदरबनी में पानी की आपूर्ति पूरी प्रभावित हो रही है। हालांकि कुछ जगहों पर विभाग के अधिकारियों तथा स्थायी कर्मचारियों द्वारा पानी की आपूर्ति को बहाल करने के प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन विभाग के पास स्थायी कर्मचारियों की संख्या बहुत कम होने के कारण अधिकांश गांवों के साथ-साथ नगर में भी आपूर्ति प्रभावित हो रही है। इससे लोगों को मजबूर होकर पानी के लिए प्राकृतिक जलस्रोतों की तरफ रुख किया जा रहा है।
विज्ञापन
हड़ताल पर बैठे कर्मचारियों का कहना है कि जब तक सरकार उनकी मांगों को पूरा नहीं करती, तब तक उनकी हड़ताल जारी रहेगी। अस्थायी कर्मचारी संघ के सब डिविजन प्रधान प्रेम कुमार ने कहा कि सरकार द्वारा बीते 20 वर्षों से झूठे आश्वासन दिए जाते रहे, लेकिन उन्हें पक्का नहीं किया गया और अब वह लोग सरकार के झूठे आश्वासनों पर विश्वास नहीं करेंगे और जब तक उन्हें स्थायी नहीं किया जाता। हड़ताल जारी रहेगी।
अधिकार के लिए सड़क पर उतरे अस्थाई कर्मचारी
नौशेरा। पीएचई इंप्लाइज युनाइटेड फ्रंट डिविजन के बैनर तले जल शक्ति विभाग के अस्थायी कर्मचारियों ने रोष प्रकट कर सरकार से अपना हक मांगा। अस्थाई कर्मचारी पीएचई डिविजन में एकत्रित हुए और सरकार के समक्ष मांगों में अस्थायी कर्मचारियों को स्थायी करने, 60 माह का बकाया वेतन दिए जाने की मांग की। केंद्र शासित प्रदेश दिल्ली की तर्ज पर वेतन दिए जाने की मांग की।
प्रदर्शन में पुष्कर राज, चेन कुमार, खालिक मिर्जा, देंविदर कुमार, देव राज आदि शामिल रहे। संवाद
विज्ञापन
प्रदर्शनकारियों ने पूर्व सरकारों नेकां, कांग्रेस, पीडीपी और भाजपा की तरह उपराज्यपाल प्रशासन पर भी कर्मचारियों की समस्याओं को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया। कहा कि हम जब भी मांगों को उजागर करने एवं उनके हल के लिए आंदोलन करते हैं तो हर बार समय मांगा जाता है, अब हमारे पास उन्हें देने के लिए समय नहीं हैै। हमने नए चीफ इंजीनियर से मांगों को पूरा करने का आग्रह करते हुए आंदोलन स्थगित कर उन्हें 20 दिन का समय दिया था। उनमें उनकी तरफ से कुछ नहीं किया गया और आज भी वह फिर हमसे समय मांग रहे हैं। आज जम्मू-कश्मीर के अन्य भागों की तरह पुंछ में भी कर्मचारियों ने लंबित मांगों को लेकर काम छोड़ो हड़ताल करते हुए नगर के कृष्ण चंद्र पार्क में एकत्र होकर विभाग एवं उपराज्यपाल प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।
विज्ञापन
प्रदर्शन में संजय कुमार, मोहम्मद रफीक और मोहम्मद सदीक आदि शामिल रहे।
जलापूर्ति प्रभावित, लोग परेशान
सुंदरबनी। जलशक्ति विभाग के अस्थायी कर्मचारियों द्वारा नौकरी को स्थायी करने तथा पांच वर्षों का बकाया वेतन देने की मांग को लेकर की जा रही काम छोड़ हड़ताल के कारण सुंदरबनी में पानी की आपूर्ति पूरी प्रभावित हो रही है। हालांकि कुछ जगहों पर विभाग के अधिकारियों तथा स्थायी कर्मचारियों द्वारा पानी की आपूर्ति को बहाल करने के प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन विभाग के पास स्थायी कर्मचारियों की संख्या बहुत कम होने के कारण अधिकांश गांवों के साथ-साथ नगर में भी आपूर्ति प्रभावित हो रही है। इससे लोगों को मजबूर होकर पानी के लिए प्राकृतिक जलस्रोतों की तरफ रुख किया जा रहा है।
विज्ञापन
हड़ताल पर बैठे कर्मचारियों का कहना है कि जब तक सरकार उनकी मांगों को पूरा नहीं करती, तब तक उनकी हड़ताल जारी रहेगी। अस्थायी कर्मचारी संघ के सब डिविजन प्रधान प्रेम कुमार ने कहा कि सरकार द्वारा बीते 20 वर्षों से झूठे आश्वासन दिए जाते रहे, लेकिन उन्हें पक्का नहीं किया गया और अब वह लोग सरकार के झूठे आश्वासनों पर विश्वास नहीं करेंगे और जब तक उन्हें स्थायी नहीं किया जाता। हड़ताल जारी रहेगी।
अधिकार के लिए सड़क पर उतरे अस्थाई कर्मचारी
नौशेरा। पीएचई इंप्लाइज युनाइटेड फ्रंट डिविजन के बैनर तले जल शक्ति विभाग के अस्थायी कर्मचारियों ने रोष प्रकट कर सरकार से अपना हक मांगा। अस्थाई कर्मचारी पीएचई डिविजन में एकत्रित हुए और सरकार के समक्ष मांगों में अस्थायी कर्मचारियों को स्थायी करने, 60 माह का बकाया वेतन दिए जाने की मांग की। केंद्र शासित प्रदेश दिल्ली की तर्ज पर वेतन दिए जाने की मांग की।
प्रदर्शन में पुष्कर राज, चेन कुमार, खालिक मिर्जा, देंविदर कुमार, देव राज आदि शामिल रहे। संवाद