{"_id":"57c33cc34f1c1b9045d4ee36","slug":"protest-against-water-problem1","type":"story","status":"publish","title_hn":"पेयजल संकट के विरोध में फूटा गुस्सा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पेयजल संकट के विरोध में फूटा गुस्सा
ब्यूरो/ कठुअा
Updated Mon, 29 Aug 2016 01:04 AM IST
विज्ञापन
पानी
- फोटो : telegraph
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पंचायत छन्न अरोड़ियां में पड़ते धनो, बासियां, दबवाल आदि क्षेत्रों में पिछले दस दिनों से छाए पेयजल संकट के विरोध में ग्रामीणों का गुस्सा पीएचई विभाग के खिलाफ फूट पड़ा। लोगों ने विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए जोरदार प्रदर्शन किया और विभाग को जल्द से जल्द समस्या के समाधान के लिए चेतावनी भी दी। लोगों ने कहा कि अगर उनकी समस्या का जल्द हल नहीं किया गया तो वह उग्र रुख अपनाने के लिए मजबूर होंगे।
विज्ञापन
प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व कर रहे पूर्व नायब सरपंच खेमराज ने कहा कि पिछले दस दिनों से ट्यूबवेल की मोटर खराब हुई है। लेकिन अभी तक विभाग की आरे से किसी ने भी मोटर ठीक करने के लिए प्रयास नहीं किया है। उन्होंने कहा कि बार-बार विभाग से समस्या के बारे में बताया गया, लेकिन हर बार केवल आश्वासन देकर ही बात को टाल दिया जाता है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि अगर ऐसा ही रहा तो लोगों को मजबूरन उग्र रुख अपनाना होगा। प्रदर्शनकारियों में शामिल बलवीर चंद, राधा देवी, वैष्णो देवी आदि ने कहा कि पानी के बिना घर के कई काम नहीं हो पाते हैं। ऐसे में उन कार्यों के लिए या तो दूसरे गांव जाकर पानी लाना पड़ता है या फिर उस गांव में ही कार्य करना पड़ता है।
विज्ञापन
ऐसे में हर रोज दूसरे गांव जाकर काम करने या फिर पानी लाने में ही उनका समय बर्बाद हो रहा है। उन्होंने कहा कि बच्चों को स्कूल जाना होता है तो बिना नहाये किस प्रकार वह स्कूल जाएं इसके अलावा खाने, धोने और अन्य कार्यों के लिए भी पानी की आवश्यकता होती है। ऐसे में अगर विभाग ने मोटर ठीक नहीं की तो वह हाईवे जाम करने के लिए मजबूर होंगे।