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Kathua News: हरिपुर में नियाबत कार्यालय खोलने की मांग तेज, लोगों ने किया प्रदर्शन
Sat, 28 Feb 2026 01:18 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Sat, 28 Feb 2026 01:18 AM IST
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दोबारा नियाबत खोले जाने की मांग को लेकर प्रदर्शन करते हुए लोगसंवाद
- फोटो : 1
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। हरिपुर में नियाबत कार्यालय स्थापित करने की मांग तेज होती जा रही है। क्षेत्र के लोग शुक्रवार को पंचायत के मुख्य चौक पर एकजुट हुए। यहां उन्होंने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर मांग को पूरा करने की गुहार लगाई।
प्रदर्शनकारियों ने बताया कि 25 वर्ष पहले हरिपुर पंचायत में नियाबत कार्यालय था जिससे गुर्जर चक, देबू चक, मांड्याल, चंद्रे चक, बट्टल चक, मथुरा चक सहित अन्य सीमावर्ती गांवों के लोगों को राजस्व संबंधी कार्यों में सुविधा मिलती थी। कार्यालय बंद होने के बाद अब छोटी-छोटी नकल, इंतकाल और अन्य राजस्व कार्यों के लिए लोगों को चड़वाल पटवारखाना या हीरानगर जाना पड़ता है। कई बार संबंधित अधिकारी की अनुपलब्धता के कारण ग्रामीणों को बार-बार चक्कर लगाने पड़ते हैं जिससे समय और धन की हानि होती है।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे पूर्व सरपंच रवि कुमार ने कहा कि प्रशासन को सीमावर्ती क्षेत्रों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल करना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि हरिपुर पंचायत में शीघ्र नियाबत कार्यालय स्थापित नहीं किया गया तो ग्रामीण प्रशासन के खिलाफ व्यापक आंदोलन करने को बाध्य होंगे। प्रदर्शन में सरपंच जगदीश, पंच रमेश चंद्र, पंच सुभाष चंद्र, भारत भूषण, ललित कुमार और पवन कुमार उपस्थित रहे।
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कठुआ। हरिपुर में नियाबत कार्यालय स्थापित करने की मांग तेज होती जा रही है। क्षेत्र के लोग शुक्रवार को पंचायत के मुख्य चौक पर एकजुट हुए। यहां उन्होंने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर मांग को पूरा करने की गुहार लगाई।
प्रदर्शनकारियों ने बताया कि 25 वर्ष पहले हरिपुर पंचायत में नियाबत कार्यालय था जिससे गुर्जर चक, देबू चक, मांड्याल, चंद्रे चक, बट्टल चक, मथुरा चक सहित अन्य सीमावर्ती गांवों के लोगों को राजस्व संबंधी कार्यों में सुविधा मिलती थी। कार्यालय बंद होने के बाद अब छोटी-छोटी नकल, इंतकाल और अन्य राजस्व कार्यों के लिए लोगों को चड़वाल पटवारखाना या हीरानगर जाना पड़ता है। कई बार संबंधित अधिकारी की अनुपलब्धता के कारण ग्रामीणों को बार-बार चक्कर लगाने पड़ते हैं जिससे समय और धन की हानि होती है।
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प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे पूर्व सरपंच रवि कुमार ने कहा कि प्रशासन को सीमावर्ती क्षेत्रों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल करना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि हरिपुर पंचायत में शीघ्र नियाबत कार्यालय स्थापित नहीं किया गया तो ग्रामीण प्रशासन के खिलाफ व्यापक आंदोलन करने को बाध्य होंगे। प्रदर्शन में सरपंच जगदीश, पंच रमेश चंद्र, पंच सुभाष चंद्र, भारत भूषण, ललित कुमार और पवन कुमार उपस्थित रहे।
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