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पीएचई डेलीवेजरों का धरना जारी, नारेबाजी की
Updated Fri, 21 Sep 2018 01:40 AM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
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कठुआ। बकाया वेतन की मांग को लेेकर हड़ताल पर चल रहे पीएचई सीपी वर्कर्स ने वीरवार को सब डिवीजन कठुआ कार्यालय के बाहर धरना दिया। धरने के दौरान सीपी वर्कर्स ने कहा कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाएगा, तब तक वह इसी प्रकार हड़ताल करेंगे और रोज धरना देंगे।
धरने का नेतृत्व कर रहे शिव नारायण ने कहा कि 50 महीनों से उन्हें वेतन नहीं दिया गया है। उन्होंने कहा कि हर बार उन्हें गुमराह किया गया और उन्हें फाइलें बनाकर जमा करवाने के लिए कहा गया। कई बार वह फाइलों को अपडेट कर जमा करवा चुके हैं। लेकिन अब वह फाइलें कहां है कोई नहीं जानता। न तो विभागीय अधिकारी इस बारे में कुछ बताते हैं और न ही मुख्य अभियंता। उन्होंने कहा कि आखिर विभाग उन्हें वेतन देने में पीछे क्यों हट रहा है।
उन्होंने कहा कि अपने तय समय और नियम के अनुसार काम किया है। जब जहां और जैसे जरूरत हुई उन्होंने विभाग का काम किया है। आज उन्हें वेतन के लिए हड़ताल करनी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि कब तक विभाग उन्हें इस प्रकार परेशान करेेगा। उन्होंने कहा कि उनके परिवार हैं बच्चे हैं जिन्हें पढ़ाने के लिए खाना खिलाने के लिए पैसे नहीं बचे हैं। लेकिन विभाग को केवल अपनी पड़ी है। उन्होंने कहा कि उनके सब्र का इम्तिहान न लें और बकाया वेतन जारी किया जाए।
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धरने का नेतृत्व कर रहे शिव नारायण ने कहा कि 50 महीनों से उन्हें वेतन नहीं दिया गया है। उन्होंने कहा कि हर बार उन्हें गुमराह किया गया और उन्हें फाइलें बनाकर जमा करवाने के लिए कहा गया। कई बार वह फाइलों को अपडेट कर जमा करवा चुके हैं। लेकिन अब वह फाइलें कहां है कोई नहीं जानता। न तो विभागीय अधिकारी इस बारे में कुछ बताते हैं और न ही मुख्य अभियंता। उन्होंने कहा कि आखिर विभाग उन्हें वेतन देने में पीछे क्यों हट रहा है।
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उन्होंने कहा कि अपने तय समय और नियम के अनुसार काम किया है। जब जहां और जैसे जरूरत हुई उन्होंने विभाग का काम किया है। आज उन्हें वेतन के लिए हड़ताल करनी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि कब तक विभाग उन्हें इस प्रकार परेशान करेेगा। उन्होंने कहा कि उनके परिवार हैं बच्चे हैं जिन्हें पढ़ाने के लिए खाना खिलाने के लिए पैसे नहीं बचे हैं। लेकिन विभाग को केवल अपनी पड़ी है। उन्होंने कहा कि उनके सब्र का इम्तिहान न लें और बकाया वेतन जारी किया जाए।
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