{"_id":"6817c2b19be96eb4c3013060","slug":"40-students-studying-in-a-dilapidated-building-kathua-news-c-201-1-knt1006-119850-2025-05-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kathua News: तीन साल से कंडम इमारत में पढ़ रहे बच्चे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kathua News: तीन साल से कंडम इमारत में पढ़ रहे बच्चे
Mon, 05 May 2025 01:10 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Mon, 05 May 2025 01:10 AM IST
विज्ञापन
खस्ताहाल इमारत। संवाद
- फोटो : kathua
स्कूल की इमारत को शिक्षा विभाग ने साल 2022 में कर दिया था असुरक्षित घोषित
बिलावर। बिलावर शिक्षा जोन के प्राइमरी स्कूल द्रबड़ा के 40 विद्यार्थियों को क्षतिग्रस्त इमारत में पढ़ाई करनी पड़ रही है। स्कूल की इमारत को शिक्षा विभाग ने वर्ष 2022 में असुरक्षित घोषित कर दिया था, मगर 3 साल बाद भी स्कूल की नई इमारत नहीं बनाई गई।
विद्यार्थियों को बिना इमारत के पढ़ाई करनी पड़ रही है। अगर जरा सी बारिश पर टीन की छत से पानी टपकना शुरू हो जाता है। स्कूल की दीवारों में दरारें आने से हमेशा हादसे का डर बना रहता है। बारिश होने पर विद्यार्थियों को स्कूल में बनाए गए किचन शेड में पढ़ाई करनी पड़ती है। विद्यार्थी खुले आसमान के नीचे पढ़ाई करने को मजबूर हैं। अभिभावक काकू राम, कासा राम, उषा देवी, मुकेश रानी और रीता देवी ने बताया कि लगभग 20 साल पहले स्कूल के विद्यार्थियों के लिए तीन कमरों की इमारत बनाई गई थी, जो खस्ताहाल स्थिति में है। लोग कई बार शिक्षा विभाग से प्राइमरी स्कूल की नई इमारत बनाने की मांग कर चुके हैं, लेकिन शिक्षा विभाग ने स्कूल की नई इमारत बनाने के लिए आज तक राशि जारी नहीं की। अभिभावकों ने शिक्षा विभाग से मांग की है कि प्राइमरी स्कूल द्रबड़ा के 40 विद्यार्थियों की सुविधा के लिए स्कूल की नई इमारत बनाई जाए। संवाद
कोट
समस्या संज्ञान में है। स्कूल में एक नया कमरा बनाने के लिए राशि स्वीकृत हो चुकी है। जल्द ही टेंडर लगाकर स्कूल में नया पक्का कमरा बनाया जाएगा।
- चमन लाल, डिप्टी सीईओ बिलावर
विज्ञापन
बिलावर। बिलावर शिक्षा जोन के प्राइमरी स्कूल द्रबड़ा के 40 विद्यार्थियों को क्षतिग्रस्त इमारत में पढ़ाई करनी पड़ रही है। स्कूल की इमारत को शिक्षा विभाग ने वर्ष 2022 में असुरक्षित घोषित कर दिया था, मगर 3 साल बाद भी स्कूल की नई इमारत नहीं बनाई गई।
विद्यार्थियों को बिना इमारत के पढ़ाई करनी पड़ रही है। अगर जरा सी बारिश पर टीन की छत से पानी टपकना शुरू हो जाता है। स्कूल की दीवारों में दरारें आने से हमेशा हादसे का डर बना रहता है। बारिश होने पर विद्यार्थियों को स्कूल में बनाए गए किचन शेड में पढ़ाई करनी पड़ती है। विद्यार्थी खुले आसमान के नीचे पढ़ाई करने को मजबूर हैं। अभिभावक काकू राम, कासा राम, उषा देवी, मुकेश रानी और रीता देवी ने बताया कि लगभग 20 साल पहले स्कूल के विद्यार्थियों के लिए तीन कमरों की इमारत बनाई गई थी, जो खस्ताहाल स्थिति में है। लोग कई बार शिक्षा विभाग से प्राइमरी स्कूल की नई इमारत बनाने की मांग कर चुके हैं, लेकिन शिक्षा विभाग ने स्कूल की नई इमारत बनाने के लिए आज तक राशि जारी नहीं की। अभिभावकों ने शिक्षा विभाग से मांग की है कि प्राइमरी स्कूल द्रबड़ा के 40 विद्यार्थियों की सुविधा के लिए स्कूल की नई इमारत बनाई जाए। संवाद
विज्ञापन
कोट
समस्या संज्ञान में है। स्कूल में एक नया कमरा बनाने के लिए राशि स्वीकृत हो चुकी है। जल्द ही टेंडर लगाकर स्कूल में नया पक्का कमरा बनाया जाएगा।
- चमन लाल, डिप्टी सीईओ बिलावर