{"_id":"5a08ac134f1c1bc45b8b5a2a","slug":"161510517779-jammu-and-kashmir-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बजट सत्र छह जनवरी से पहले होगा संभव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बजट सत्र छह जनवरी से पहले होगा संभव
Updated Mon, 13 Nov 2017 01:46 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू। कश्मीर में अनुच्छेद 35ए, जीएसटी तथा एनआईए की छापेमारी के मसले पर भड़की हिंसा के चलते दरबार मूव से पहले विधानसभा का सत्र न बुलाए जाने से अब छह जनवरी 2018 तक विधानसभा का सत्र बुलाने की संवैधानिक बाध्यता सामने आ खड़ी हुई है। ऐसे में विधानसभा का बजट सत्र छह जनवरी से पहले शुरू हो सकता है। सरकार की ओर से इसकी तैयारियां भी शुरू कर दी गई हैं। विधानसभा अध्यक्ष कवींद्र गुप्ता ने पुष्टि की कि छह जनवरी से पहले विधानसभा का बजट सत्र बुलाया जाना अनिवार्य है। सत्र 35 से 40 दिनों का होगा। फिलहाल समय को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है। इसके लिए सरकार से बात कर तिथि तय की जाएगी। संविधान के अनुसार विधानसभा के दो सत्रों के बीच छह महीने से अधिक का अंतराल नहीं होना चाहिए अन्यथा विधानसभा भंग मानी जाएगी। विधानसभा का जीएसटी पर विशेष सत्र छह जुलाई को श्रीनगर में संपन्न हुआ था। ऐसे में छह जनवरी से पहले सत्र बुलाया जाना जरूरी है। कश्मीर में एक के बाद एक मसले को लेकर लोगों का विरोध प्रदर्शन शुरू होने के चलते सरकार की ओर से विधानसभा सत्र नहीं बुलाया जा सका। श्रीनगर में ग्रीष्मकालीन दरबार बंद हो गया और अब जम्मू में दरबार शुरू हुआ है। ऐसे में बजट सत्र की तैयारियां यहां शुरू कर दी गई हैं। सरकार के स्तर पर भी प्री-बजट बैठकों का दौर शुरू हो चुका है। इस पूरे महीने प्री-बजट बैठकों का सिलसिला चलेगा। विधानसभा अध्यक्ष ने बताया कि बजट सत्र की तैयारियों के लिए विचार-विमर्श शुरू कर दिया गया है। समय सीमा को ध्यान में रखते हुए सभी तैयारियां की जाएंगी। जल्द ही मुख्यमंत्री से मिलकर तिथि को अंतिम रूप दिया जाएगा। सूत्रों का कहना है कि कैबिनेट की होने वाली बैठक में बजट सत्र की तिथि पर फैसला हो सकता है क्योंकि सत्र को सुचारु रूप से संपन्न कराने के लिए दो महीने से भी कम का समय रह गया है। बजट सत्र में अनुच्छेद 35ए, जीएसटी तथा लखनपुर में टोल समाप्ति सहित कई मुद्दों पर विपक्ष सरकार को घेरने की कोशिश करेगा। इसके साथ ही महाराजा हरि सिंह की जयंती पर अवकाश का मामला भी उठेगा। बिजली, पानी, राशन तथा स्वास्थ्य सुविधाओं की बहाली का मुद्दा भी विपक्ष की ओर से उठाया जा सकता है।
विज्ञापन