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सरकार ने कहा, गृह निर्माण सहकारी समितियों की कराई जाएगी जांच

Fri, 02 Feb 2018 07:31 PM IST
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर Updated Fri, 02 Feb 2018 07:31 PM IST
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rajasthan highcourt said- Government will investigate home construction committees
court
राजस्थान हाईकोर्ट में राज्य सरकार की ओर से आश्वासन दिया गया है कि प्रदेश में काम कर रही गृह निर्माण सहकारी समितियों की जांच कराई जाएगी। इस दौरान पता लगाया जाएगा कि उनके वास्तविक पदाधिकारियों के नाम पर कोई अन्य तो काम नहीं कर रहा है।
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इसके अलावा प्रमुख सहकारिता सचिव के जरिए इन गृह निर्माण सहकारी समितियों की सभी जानकारी रजिस्ट्रार ऑफ सोसायटीज् में पेश कराई जाएगी। राज्य सरकार की ओर से इसके लिए छह सप्ताह का समय मांगा गया। राज्य सरकार की ओर से दिए गए आश्वासन को रिकॉर्ड पर लेते हुए अदालत ने मामले की सुनवाई छह सप्ताह के लिए टाल दी है।
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न्यायाधीश बनवारीलाल शर्मा की एकलपीठ ने यह आदेश प्रकरण में लिए गए स्वप्रेरित प्रसंज्ञान पर सुनवाई करते हुए दिए। सुनवाई के दौरान न्यायमित्र अधिवक्ता अनूप ढंड ने अदालत को बताया कि गृह निर्माण सहकारी समितियों के संबंध में मुख्य समस्या उनके पदाधिकारियों के फर्जीवाडे की है। न्यायमित्र ने आरोप लगाया कि इन समितियों के पदाधिकारी केवल दिखावटी हैं। असल में पर्दे के पीछे दूसरे लोग काम कर रहे हैं।
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इसके अलावा सोसायटियों की ओर से बताए गए ऑफिस के पते भी फर्जी हैं। ऐसे में उनसे संपर्क भी नहीं हो पाता है। इस पर राज्य सरकार की ओर से इन सोसायटी की जांच कराने के संबंध में अदालत को आश्वस्त किया गया। गौरतलब है कि गृह निर्माण सोसायटिज् के खिलाफ बढ़ते मुकदमों को देखते हुए हाईकोर्ट ने गत दिनों स्वप्रेरणा से प्रसंज्ञान लेते हुए अलग से सुनवाई आरंभ की थी।
 
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