{"_id":"58ec59084f1c1bc236cf5eae","slug":"accident-in-wtp-mall-in-jaipur-police-took-action-in-case","type":"story","status":"publish","title_hn":"WTP हादसा: Food Court में बैठे हजारों लोगों की जान के साथ खेल रहा था मॉल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
WTP हादसा: Food Court में बैठे हजारों लोगों की जान के साथ खेल रहा था मॉल
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Tue, 11 Apr 2017 01:37 PM IST
विज्ञापन
डब्लयूटीपी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जयपुर के जेएलएन मार्ग स्थित वल्र्ड ट्रेड पार्क (WTP) जयपुर का सबसे बड़ा मॉल है। सोमवार को मॉल की लापरवाही के चलते दो मजदूर अपनी जान से हाथ धो—बैठे हैं। घटना के बाद सबसे चौंकाने वाली एक बात सामने आई है।
विज्ञापन
चौंकानेवाली बात यह कि पुलिस ने सुरक्षा कारणों के चलते यहां का फूड कोर्ट बंद करवा दिया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार इस फूड कोर्ट को छह महीने पहले ही बंद कर दिया जाना चाहिए था। पुलिस के सामने आया कि गत छह माह से इस मॉल के फूड कोर्ट के निचले हिस्से में लीकेज हो रहा था, लेकिन यहां आने वाले लोगों की सुरक्षा को नजरदांज करते हुए मॉल प्रबंधक ने फूड कोर्ट को बंद नहीं किया। पुलिस का कहना है कि जेडीए को लीकेज वाली जगह चैक करने के लिए लिखा जाएगा। जेडीए से अनुमति मिलने के बाद ही फूड कोर्ट के संचालन की अनुमति दी जाएगी।
विज्ञापन
गौरतलब है कि इस फूड कोर्ट में प्रतिदिन 1800—2000 लोग आते है। इसी की मरम्मत के चलते सोमवार को हादसा हुआ था। जिसे सही करने के प्रयास में मजदूरों से बिना किसी सुरक्षा उपकरणों के 300 फीट उपर कार्य कराया जा रहा था। जिसके बाद यह हादसा हुआ।
विज्ञापन
घटना के बाद मृतक के परिजनों ने डब्लयूटीपी के मैनेजमेंट व मेंटिनेंस के लिए जिम्मेदार के खिलाफ जवाहर सर्किल थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। इसके बाद पुलिस ने डब्लयूटीपी के सिविल टीम के दो कर्मचारियों को गिरफ्तार कर लिया है।
छिपाने का प्रयास
इस मॉल में प्रतिदिन हजारों की संख्या में लोग पहुंचते है। जिस फूड कोर्ट के निचले हिस्से में लीकेज है उसमें भी बड़ी संख्या में लोग दिनभर रहते है। लेकिन मॉल संचालकों ने फूड कोर्ट को न तो बंद किया और न ही मॉल के अंदर या बाहर किसी भी प्रकार के चेतावनी बोर्ड लगाए। साथ ही जहां से लीकेज हो रहा है उसी के नीचे मुख्य रास्ता भी है। उसकी भी अनदेखी मॉल संचालक कर रहें है।