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विश्व मौसम विज्ञान दिवस 2018: इस साल का थीम- "मौसम-तैयार, जलवायु-स्मार्ट"
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Fri, 23 Mar 2018 06:20 AM IST
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विश्व मौसम विज्ञान दिवस
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विश्व मौसम विज्ञान दिवस 23 मार्च को मनाया जाता है। विश्व मौसम विज्ञान संगठन (डब्ल्यूएमओ) की स्थापना इस दिन हुई थी और हर साल संगठन विश्व मौसम विज्ञान दिवस के लिए एक नारे की घोषणा करता है। यह दिवस सभी सदस्य देशों में मनाया जाता है। डब्ल्यूएमओ एक वैश्विक संगठन है और 191 देश और क्षेत्र इसके सदस्य हैं।
इसकी शुरुआत अंतरराष्ट्रीय मौसम संगठन (आईएमओ) से हुई थी, जिसकी स्थापना 1873 में हुई थी। डब्ल्यूएमओ कन्वेंशन के अनुमोदन से मार्च 23, 1950 को स्थापित डब्लूएमओ, एक साल बाद मौसम विज्ञान (मौसम और जलवायु), परिचालन जल विज्ञान और संबंधित भूभौतिकी विज्ञान के लिए संयुक्त राष्ट्र की विशेष एजेंसी बन गया।
यह संगठन, पृथ्वी के वायुमंडल की परिस्थिति और व्यवहार, महासागरों के साथ इसके संबंध, मौसम और परिणामस्वरूप जल संसाधनों के वितरण के बारे में जानकारी के बारे में, संयुक्त राष्ट्र की आधिकारिक आवाज है।
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इसकी शुरुआत अंतरराष्ट्रीय मौसम संगठन (आईएमओ) से हुई थी, जिसकी स्थापना 1873 में हुई थी। डब्ल्यूएमओ कन्वेंशन के अनुमोदन से मार्च 23, 1950 को स्थापित डब्लूएमओ, एक साल बाद मौसम विज्ञान (मौसम और जलवायु), परिचालन जल विज्ञान और संबंधित भूभौतिकी विज्ञान के लिए संयुक्त राष्ट्र की विशेष एजेंसी बन गया।
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यह संगठन, पृथ्वी के वायुमंडल की परिस्थिति और व्यवहार, महासागरों के साथ इसके संबंध, मौसम और परिणामस्वरूप जल संसाधनों के वितरण के बारे में जानकारी के बारे में, संयुक्त राष्ट्र की आधिकारिक आवाज है।
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इस साल का थीम "मौसम-तैयार, जलवायु-स्मार्ट"
विश्व मौसम विज्ञान दिवस
इस साल दिन भर मनाए जाने वाले इस दिवस का विषय है "मौसम-तैयार, जलवायु-स्मार्ट।" पिछले साल, विश्व मौसम विज्ञान दिवस ने "जलवायु मौसम और पानी के लिए बादलों का असीम महत्व" पर तवज्जो दिया था और बादलों के अंतरनिहित खूबसूरती और उसके सौंदर्यबोध का उत्सव मनाया था। साल 2017 ने जिस बिंदु पर छोड़ा था यह वहां से जारी है - "उग्र मौसम ने जिंदगियां लील ली और आजीविका को तबाह कर दिया।"
थीम के जरिए, डब्ल्यूएमओ मौसम-तैयार होने के महत्व को रेखांकित करता है। आपदा जोखिम को कम करने में शुरुआती चेतावनी एक महत्वपूर्ण बिंदु है। और बहु-खतरे की चेतावनियां बाढ़, तूफानों और अन्य बड़े खतरों के घटने से काफी पहले हमें उनका एक साथ समाधान करने के लिए सक्षम बनाती हैं।
थीम के जरिए, डब्ल्यूएमओ मौसम-तैयार होने के महत्व को रेखांकित करता है। आपदा जोखिम को कम करने में शुरुआती चेतावनी एक महत्वपूर्ण बिंदु है। और बहु-खतरे की चेतावनियां बाढ़, तूफानों और अन्य बड़े खतरों के घटने से काफी पहले हमें उनका एक साथ समाधान करने के लिए सक्षम बनाती हैं।