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दार्जिलिंग रेलवे की खराब हालत को लेकर यूनेस्को ने विश्व धरोहर दर्जा रद्द करने की दी चेतावनी
Tue, 16 Jul 2019 01:20 AM IST
Avdhesh Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सिलीगुड़ी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सिलीगुड़ी
Published by: Avdhesh Kumar
Updated Tue, 16 Jul 2019 01:20 AM IST
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यूनेस्को ने 140 साल पुराने दार्जिलिंग रेलवे के खराब रखरखाव को लेकर दार्जिलिंग हिमालय रेलवे (डीएचआर) की खिंचाई की है और उसे उसका वैश्विक धरोहर का टैग रद्द करने की चेतावनी दी। डीएचआर अधिकारियों ने यह बात कही है।
उन्होंने बताया कि डीएचआर को हाल ही में कठोर शब्दों में लिखे पत्र में यूनेस्को ने कहा कि भारतीय रेलवे 2017-19 के बीच इस धरोहर रेलवे की सुविधाओं के खराब रखरखाव तथा उसके मार्ग पर अपशिष्ट फेंके जाने के बारे में सूचित नहीं कर पायी।
हालांकि डीएचआर अधिकारियों ने साल भर बार बार भूस्खलन होने को इस छोटी लाईन के मार्ग को नुकसान पहुंचने के लिए जिम्मेदार ठहराया है। वैसे डीएचआर का प्रबंधन संभालने वाली पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे ने इस रेलमार्ग के आसपास रहने वालों को इन अपशिष्टों के लिए जिम्मेदार ठहराया है।
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यूनेस्को ने दिसंबर 1999 में 140 साल पुराने डीएचआर को विश्व विरासत स्मारक सूची में शामिल किया था। विश्व संस्था पहले भी हिमालयन रेलवे की बदहाली पर अपनी चिंता जाहिर कर चुकी है।
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उन्होंने बताया कि डीएचआर को हाल ही में कठोर शब्दों में लिखे पत्र में यूनेस्को ने कहा कि भारतीय रेलवे 2017-19 के बीच इस धरोहर रेलवे की सुविधाओं के खराब रखरखाव तथा उसके मार्ग पर अपशिष्ट फेंके जाने के बारे में सूचित नहीं कर पायी।
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हालांकि डीएचआर अधिकारियों ने साल भर बार बार भूस्खलन होने को इस छोटी लाईन के मार्ग को नुकसान पहुंचने के लिए जिम्मेदार ठहराया है। वैसे डीएचआर का प्रबंधन संभालने वाली पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे ने इस रेलमार्ग के आसपास रहने वालों को इन अपशिष्टों के लिए जिम्मेदार ठहराया है।
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यूनेस्को ने दिसंबर 1999 में 140 साल पुराने डीएचआर को विश्व विरासत स्मारक सूची में शामिल किया था। विश्व संस्था पहले भी हिमालयन रेलवे की बदहाली पर अपनी चिंता जाहिर कर चुकी है।